गायत्री शक्तिपीठ पर ध्वजारोहण कर 80वां स्वतंत्रता दिवस मनाया गया

रतलाम। “15 अगस्त” मात्र एक तारीख नहीं है, यह भारत के स्वाभिमान का प्रतीक है। असंख्य वीरों के त्याग, तपस्या और बलिदान की स्मृति है। जिन्होंने अपना वर्तमान देश के भविष्य के लिए समर्पित किया। स्वतंत्रता हमें अनायास मिली नहीं है अपितु अर्जित की हुई है। जिसमें असंख्य लोगों ने अपना बलिदान दिया है। उपरोक्त उदगार गायत्री परिवार रतलाम के सह समन्वयक डॉ आईपी त्रिवेदी ने गायत्री शक्तिपीठ डोंगरे धाम, शंकरगढ़ रतलाम पर झंडा वंदन के पश्चात व्यक्त किए। इस अवसर पर रघुवीर सिंह पंवार द्वारा स्वाधीनता सेनानियों के बलिदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए। वरिष्ठ गायत्री परिजन महेश गोयल द्वारा गायत्री परिवार शांतिकुंज के व्यसनमुक्ति अभियान के अंतर्गत उपस्थित परिजनों को नशा मुक्ति की शपथ दिलवाई। शपथ के द्वारा यह संकल्प लिया गया कि वे स्वयं नशा ना करने के साथ साथ, समाज को भी नशा मुक्त करने का प्रयास करते रहेंगे। इस अवसर पर गायत्री परिवार के शंभूलाल पाटीदार, अंबाराम पाटीदार, भावेश छापोला, सुरेंद्र जोशी, अशोक कुमावत, हुकुमचंद भारद्वाज, रेखा दीदी सहित कई गणमान्य परिजन उपस्थित रहे। अंत में सुरेंद्र जोशी द्वारा सभी उपस्थित परिजनों का आभार व्यक्त किया गया।