पुलिस ने प्रकरण दर्ज किया…हैदराबाद ले जा रहे थे


बड़ावदा(शिरीष सकलेचा) । बड़ावदा में गोवंश तस्करी का एक बड़ा मामला सामने आया है। गौ रक्षा दल की सतर्कता और अदम्य साहस से 34 निर्दोष पशु सुरक्षित बच गए है। गौ रक्षा दल झालावाड़ के विनीत पोरवाल द्वारा गोरक्ष दल की टीम को सूचना दी गई थी कि कंटेनर (नंबर एन एल 01 एएल 1654) में क्रूरतापूर्वक लगभग तीन दर्जन से गोवंश को भरकर ले जाया जा रहा है।सूचना मिलते ही गौ रक्षा दल की टीमो लोकेंद्र सिंह कंसेर और गिरराज पांचाल रतलाम और अन्य साथियों ने तत्परता दिखाते हुए गरोठ भानपुरा से वाहन का करीब 100 किलोमीटर तक लगातार पीछा किया। इस दौरान काफी मशक्कत के बाद पीछा करते हुए कंटेनर के टायर फोड़े गए। फिर भी वाहन चालक सिर्फ डिस्क के भरोसे कंटेनर चलाता रहा गोरक्षकों ने जैसे तैसे तस्करों का वाहन रुकाया और उसे पूरी तरह काबू में किया गया।
सफलतापूर्वक पकड़े गए इस गोवंश(केड़े )से भरे कंटेनर को गौ रक्षा दल द्वारा बड़ावदा थाने की पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है।स्थानीय हिंदू संगठन के सुरेश प्रजापत सहित कई लोग थाने पर जमा हो गए। कंटेनर में पंखे भी लगे हुए है। जिससे जाहिर होता है कि ये कंटेनर पशुओं की तस्करी के काम आता है। जबकि इसके पीछे गेट पर लगेज पार्सल के कार्य होने संबंधी जानकारी लिखी गई।
थाना प्रभारी संतोष चौरसिया आदि ने पूरी जानकारी लेकर कार्यवाही शुरू की।ड्राइवर से पूछताछ की जा रही है। वही दो साथी फरार होना बताए जा रहे है। सभी पशुओं को नवीन गोशाला भेजा गया। थाना प्रभारी संतोष चौरसिया ने बताया कि कंटेनर में 34 बेल थे। बुधावली (कानपुर) के धर्मेंद्र (34) के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। पशुओं को शिवपुरी से ले जाया जा रहा था।
हैदराबाद ले जा रहे थे…
गो रक्षक दल के कार्यकर्ताओं ने बताया कि हमें जानकारों जैसे ही मिली हमने कंटेनर का पीछा किया। निर्दोष पशुओं को सफलता पूर्वक बचाने में हमारी टीम को सफलता मिली। बताता जा रहा है कि इन गायों को हैदराबाद भेजा जा रहा था।
स्थानीय लोगों के मुताबिक इस मार्ग से कई छोटी बड़ी गाड़ियों से पशुओं को तस्करी के रूप में भेजा जाता है। बिचौलियों के कारण इन तस्करों का पर्दाफाश नहीं हो पाता है। पुलिस यदि संदिग्ध वाहनों की विशेष तलाशी करे तो कई खुलासे हो सकते है।