राजस्व अभियान के तहत ग्राम लसुल्डिया पातला और डुंगलाय में लगे शिविर का आकस्मिक निरीक्षण
शाजापुर | वर्षा के पानी को छोटे-छोटे डेम, तालाब आदि बनाकर एक-एक बूंद पानी को सहेजें। यह बात कलेक्टर श्री दिनेश जैन ने आज राजस्व अभियान के द्वितीय चरण में ग्राम लसुल्डिया पातला और डुंगलाय में लगाए गए शिविर के दौरान ग्रामीण जनों से चर्चा में कही। इस दौरान अनुविभागीय अधिकारी राजस्व श्री प्रकाश कस्बे, ग्राम लसुल्डिया पातला में तहसीलदार श्री रमेश सिंह सिसोदिया, जनपद सीईओ श्री सिद्धगोपाल वर्मा भी मौजूद थे।
कलेक्टर श्री जैन ने लसुल्डिया पातला में ग्रामीणों से चर्चा करते हुए कहा कि वर्षा के पानी को सहेजना अत्यावश्यक है। इसी पानी से भूजल स्तर बढ़ता है औऱ नलकूपों में पानी आता है। पानी नहीं सहेजेंगे तो पेयजल की समस्या खड़ी होगी। ग्राम की पेयजल समस्या के निवारण के लिए कलेक्टर ने कहा कि कोई अच्छे पेयजल स्त्रोत हो तो जलजीवन मिशन के तहत ग्राम में नलजल योजना शुरू की जा सकती है। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम के लगभग 100 व्यक्तियों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि एवं मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। कलेक्टर ने तहसीलदार एवं पटवारी को जाँच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिये। कुछ किसानों ने उनकी धनिया एवं चने की फसल पाले एवं ठंड के कारण खराब होने की शिकायत की। कलेक्टर ने पटवारी को खराब फसलों का आंकलन करने के निर्देश दिये। साथ ही कलेक्टर ने ग्रामीणों से कहा कि 25 प्रतिशत से अधिक का नुकसान होने पर ही किसानों को राहत राशि प्रदान करने का प्रावधान है। ग्राम के हेमराज सहित अन्य लोगों ने रास्ते की समस्या से अवगत कराया। साथ ही ग्रामीणों ने बताया कि वर्षा के उपरांत ग्राम पंचायत द्वारा स्टाप डेम के गेट नहीं लगाए जाते हैं, जिससे पानी व्यर्थ बह जाता है। कलेक्टर ने सीईओ जनपद एवं ग्राम पंचायत सचिव को समय पर कार्रवाई करने के निर्देश दिये। ग्रामीणों ने बताया कि कृषि विभाग का कोई कर्मचारी ग्राम में नहीं आता है।
इसी तरह डुंगलाय में ग्रामीणों ने बताया कि पिछले 6 वर्ष पूर्व बने जेठड़ा तालाब के रिसाव के कारण लगभग 200 बीघा जमीन में किसान खरीफ की फसल नहीं ले पा रहे हैं। कलेक्टर ने कहा कि इस मामले में जलसंसाधन विभाग से बात कर समस्या का निराकरण करवाया जायेगा। इसी तरह ग्रामीणों ने बताया कि लोकनिर्माण विभाग की सड़क के बीच में निजी जमीन आने से सड़क निर्माण नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि हिरण अभ्यारण के लिए आरक्षित भूमि पर वनविभाग द्वारा अभ्यारण नहीं बनाया गया है, इस कारण यहां भूमि पर अतिक्रमण हो रहा है। इस भूमि का उपयोग गौशाला निर्माण एवं अन्य उपयोग में ली जा सकती है। ग्राम में विद्युत लाईन अत्यंत नीचे होने से दुर्घटना की संभावना है। ग्राम के 2 लोगों ने उचित मूल्य की दुकान से खाद्यान्न नहीं मिलने की शिकायत की। कलेक्टर ने इस मौके पर केन्द्र सरकार की कुसुम योजना की जानकारी दी। साथ ही दोनों ग्रामों में कलेक्टर ने शासन की अन्य योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी भी ली।
शुजालपुर के ट्रेंचिंग ग्राउंड का निरीक्षण
कलेक्टर श्री दिनेश जैन ने शुजालपुर के ट्रेंचिंग ग्राउंड का निरीक्षण कर कचरे का सेपरेशन कर समुचित प्रबंधन करने के निर्देश दिये। इस दौरान उन्होंने मटेरियल रिकवरी फेसेलिटी सेंटर का भी निरीक्षण किया। साथ ही कलेक्टर ने 50 माइक्रोन से कम मोटाई की प्लास्टिक की पन्नियों की रोकथाम के लिए अनुविभागीय अधिकारी श्री प्रकाश कस्बे और नगरपालिका सीएमओ निगहत सुल्ताना को निर्देश दिये। इसके उपरांत कलेक्टर ने स्थानीय बस स्टेंड पर सुलभ शौचालय का निरीक्षण कर साफ-सफाई की व्यवस्था को देखा। कलेक्टर ने परिसर में बगीचा बनाने के लिए भी कहा। बस स्टेंड परिसर में मरम्मत के लिए खड़े ट्रकों को देखते हुए कलेक्टर ने मैकेनिक नगर का प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिये।