गौ सेवा से मिलता है पुण्य और आत्मिक शांति और संतोष

जावरा (अभय सुराणा)। श्राद्ध पक्ष में श्रद्धापूर्वक किए गए कार्यों से पूर्वज प्रसन्न होकर आशीर्वाद देते हैं और परिवार में सुख शांति बनी रहती है। मानता है कि श्राऊ पक्ष में गायों को आहार कराने से असीम पुण्य प्राप्त होता है। विशेष दिनों की स्मृतियां तब और पावन हो जाती है जब इसे गौशाला की सेवा से जोड़ा जाता है मेरी मान्यता है कि परिवार का हर उत्सव तभी पूर्ण होता है जब उसमें गौ माता की सेवा का भाव समाहित होता है उक्त विचार श्री श्वेतांबर जैन वरिष्ठ सेवा समिति द्वारा आज जीव दया सोसाइटी पर स्वर्गीय श्री मदनलालजी नाहर एवं श्रीमती संगीता नाहर की स्मृति में गौ माता को गोग्रास ख़ल कपासिया खिलाते हुए संस्था के अध्यक्ष अभय सुराणा ने व्यक्त किये ।

इस अवसर पर सुराणा ने श्रीमती इंदिरा नाहर एवं समाजसेवी शेखर नाहर द्वारा अपने स्वर्गवासी की स्मृति में कराए गए गो आहर की प्रशंसा करी तथा लाभार्थी परिवार का उपस्थित सदस्यों ने शालमाला ओढकर बहुमान किया गया। इस अवसर पर प्रसिद्ध भजन गायिका क श्रीमती प्रियंका सुराणा ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए संस्था द्वारा कि जा रही सेवा गतिविधियों की सराहना की।

श्रीमती इंदिरा नाहर ने भी कहा कि यह संस्था निरंतर जीव दया के क्षेत्र में अच्छा कार्य कर रही है सादे किंतु गरिमापूर्ण समारोह का संचालन संस्था के उपाध्यक्ष पुखराज पटवा ने किया आभार प्रदर्शन जीवदया समिति के संयोजक अशोक लुक्कड़ ने माना।

इस अवसर पर इनकी रही उपस्थिति नेमीचंद जैन दिनेश सुराणा मनोहर लाल ओसतवाल अनिल धारीवाल सुरेश लुक्क ड़ नवाब प्रकाशचंद्र पामेचा सुभाष चंद्र तलेरा हेमंत जैन शेखर नाहू अभय सुराणा पुखराज पटवा अशोक लुक्कड़ ऋषभ छाजेड़ आदि सदस्य उपस्थित थे।

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