जावरा (अभय सुराणा) । मध्यप्रदेश शासन, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा दिनांक 31 जुलाई 2026 को जारी राजपत्र में मध्यप्रदेश विधिक माप विज्ञान नियम 2011 में संशोधन का प्रारूप प्रकाशित किया गया है।
उक्त प्रारूप के संबंध में आज किराना व्यापारी एसोसिएशन, जावरा के अध्यक्ष संजय सुराणा एवं सचिव झमन्दास देवानी ने व्यक्तव्य जारी कर बताया है कि सरकार द्वारा प्रस्तावित संशोधन में पंजीयन शुल्क, प्रतिभूति राशि पांच हजार एवं जुर्माने की राशि में अत्यधिक वृद्धि की गई है, जो कि छोटे व्यापारियों के हित में नहीं है। हम एसोसिएशन की ओर से सरकार से यह प्रमुख मांगें करते है कि किराना व्यापारी सदैव नियम से कार्य करता है, तौल में कभी भी ग्राहक को कम नहीं देता। हर वर्ष विभाग द्वारा सत्यापन करवाया जाता है, उसके बाद भी भारी-भरकम फीस और पांच हजार प्रतिभूति निक्षेप लगाया जाना अनुचित है।
एवम इन प्रस्तावित नियमों से सबसे ज्यादा परेशानी छोटे व्यापारियों – सब्जी वाले, दूध वाले, फल वाले, गली-मोहल्ले के छोटे दुकानदारों को होगी। उनके लिए यह आर्थिक बोझ बन जाएगा साथ ही लाइसेंस निरस्तीकरण एवं भारी जुर्माने की प्रक्रिया को सरल किया जाए। छोटी-मोटी तकनीकी त्रुटि पर लाइसेंस रद्द करना न्यायसंगत नहीं है अतः आप इस मामले को दृष्टिगत रखते हुए प्रस्तावित मूल्य वृद्धि एवं जुर्माना राशि को कम किया जाए छोटे एवं खुदरा व्यापारियों को इस नियम से छूट प्रदान की जाए अथवा न्यूनतम शुल्क लिया जाए । एसोसिएशन जल्द ही रूपरेखा बनाकर अपनी लिखित आपत्ति शासन को प्रेषित करेगा।