


रतलाम । श्राद्ध पक्ष के अवसर पर 1 अक्टूबर गुरुवार को मुख-बधिर जन चेतना विद्यालय में वाघेला गौ सेवा जीव दया समिति की ओर से मुख-बधिर बच्चों के लिए सामूहिक भोज का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि संत श्री आत्मानंद जी सरस्वती रहे। इस अवसर पर क्षेत्रीय पार्षद पति राजेश माहेश्वरी सहित समिति के पदाधिकारी, सदस्य एवं विद्यालय के शिक्षक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत में विद्यालय के शिक्षकों द्वारा संत श्री आत्मानंद जी सरस्वती का स्वागत किया गया। इस अवसर पर संत श्री आत्मानंद जी सरस्वती ने अपने उद्बोधन में श्राद्ध पक्ष में पंचमी तिथि के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हिंदू परंपरा में इस तिथि का विशेष महत्व माना गया है। उन्होंने बताया कि जिन परिवारों में कम उम्र में बच्चों का निधन हो जाता है, उनके निमित्त भी इस तिथि पर श्राद्ध एवं धार्मिक कार्य किए जाते हैं।
संत श्री आत्मानंद जी सरस्वती के विद्यालय पहुंचने पर बच्चे भी उत्साहित नजर आए। बच्चों ने संत का सानिध्य प्राप्त किया और उनके उद्बोधन को ध्यानपूर्वक सुना। इसके पश्चात सभी बच्चों ने सामूहिक भोज का आनंद लिया।
कार्यक्रम में श्रेयांस जैन (हाई कोर्ट एडवोकेट),राधेश्याम चौहान, महावीर सिंह शक्तावत, कैलाश सोमानी, रेखा शर्मा, शारदा नमकवाला, अलका सुरेश पापटवाल, मनोरमा शर्मा, अनीता अग्रवाल, प्रमोद जैन, राजेश माहेश्वरी सहित वाघेला जीव दया गौ सेवा समिति के दिनेश वाघेला, बाबूलाल सिसोदिया, महेश ओझा, कोकिला ओझा, आशा भट्ट, श्यामा वाघेला, शकुंतला सिसोदिया, अतुल लोहार, महिमा मकवाना, रजनी मकवाना, रेणुका मकवाना, सीमा मालपानी, सोनाली मकवाना, ज्योति मकवाना, नीतू गोड़, अंतिम वाला अग्रवाल तथा शाहीन मैडम सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी बच्चों को सामूहिक रूप से भोजन कराया गया। बच्चों ने प्रसन्नता के साथ भोज का आनंद लिया। कार्यक्रम की जानकारी वाघेला गौ सेवा जीव दया समिति के दिनेश वाघेला ने दी।