
शामलाजी तीर्थ का ग्राम सुनोख गुजरात 3 फरवरी 2022 । संत आध्यात्मिक जगत का प्राण विश्व की अनमोल धरोहर है उक्त विचार राष्ट्र संत कमलमुनि कमलेश ने व्यक्त करते हुए कहा कि गुरु का दर्जा भगवान से भी बढ़कर है। उन्होंने कहा कि विश्व की संपूर्ण संपत्ति देकर भी एक संत का निर्माण नहीं किया जा सकता अनंत जन्मों के पुण्य उदय से संत का समागम मिलता है। मुनि कमलेश ने बताया कि आपके द्वारा संत की सेवा और भक्ति करने पर वह प्रसन्ना हो जाए उससे नए भाग्य का निर्माण हो जाता है बड़ा और कोई धर्म और तीर्थ नहीं है
राष्ट्रसंत ने कहा कि गुरु को अनदेखा कर भक्ति और साधना के लिए आगे बढ़ना बीच समुद्र में नाव छोड़ने के समान है ।
जैन संत स्पष्ट कहा कि भगवान रूठे तो गुरु के माध्यम से मना लेंगे गुरु रूठ गए तो हम कहीं के नहीं रहेंगे शामलाजी तीर्थ में वरिष्ठ कार्यकर्ताओं ने मुनि कमलेश का अभिनंदन किया।
मुनि कमलेश के क्रांतिकारी विचार से प्रभावित होकर सुनोख गांव में ग्राम पंचायत में विहार धाम के लिए निशुल्क भूमि हाईवे रोड के ऊपर लिखित रूप में प्रदान की जैन कॉन्फ्रेंस गुजरात विहार धाम के अध्यक्ष मनोज डांगी दिवाकर मंच गुजरात शाखा के अध्यक्ष प्रकाश जी चंडालिया ने भूमि का अवलोकन किया अति शीघ्र बनाने का संकल्प लिया रविवार को मुनि कमलेश केसरिया जी विराज ने की संभावना है।