आलोट । न्यायालय श्रीमान महेश कुमार अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश आलोट जिला रतलाम के द्वारा अपने निर्णय दिनांक 29.09.2022 को अभियुक्त पुरालाल उर्फ पूरचंद पिता मांगीलाल पाटीदार उम्र 30 वर्ष निवासी ग्राम सांगाखेडा जिला रतलाम, को धारा 304बी, भादवि में 7 वर्ष का सश्रम कारवास से दण्डित किया गया । अपर लोक अभियोजक आलोट हैमेंद्र कुमार गोयल ने बताया कि फरियादी रामनिवास की पुत्री मृतिका मीराबाई का विवाह दिनांक 23.04.2013 को आरोपी पुरालाल के साथ हुआ था। विवाह के 06 माह बाद से उसकी पुत्री को रूपये पैसे मांगने के लिये आरोपीगण पुरालाल ऊर्फ पुरचंद तथा मांगीलाल पाटीदार प्रताडित व परेशान करते थे। फरियादी की पुत्री मीराबाई कई बार रूपये ले जाकर उसके ससुराल देती थी यह सिलसिला 06 माह तक चलता रहा, उसके बाद आरोपीगण की मांग की पूर्ति नहीं कर पाया तो एक वर्ष पूर्व उसकी पुत्री पर आरोपीगण अत्याचार करने लगे व दहेज के लिये ज्याादा से ज्या्दा प्रताडित करने लगे। जिसकी खबर उसकी पुत्री ने उसे दी थी तो वह अपनी पुत्री को उसके घर आक्याकला लेकर आ गया था। जिसके बाद उसकी पुत्री 2 माह तक उसके पास रही। इसी बीच गांव आक्याककलां के कुछ लोगों के कहने पर फरियादी व आरोपीगण के बीच समझौता हुआ था कि आज के बाद आरोपीगण उसकी पुत्री मीरबाई को कोई परेशानी व तकलीफ नहीं देंगे। आरोपीगण ने फरियादी से एक शर्त रखी कि एक बार हमारी समस्त मांग पुरी कर दो तो फरियादी ने आरोपीगण की मांग स्वीकार कर ली व उसके बाद आरोपी मांगीलाल मीराबाई को ले गया। उसके बाद फरियादी आरोपीगण की मांग की व्यवस्था करने में जुट गया। आरोपीगण उसकी पुत्री को बार-बार उस मांग के लिये छोटा-मोटा झगडा व परेशान करते थे। जिसकी सूचना उसकी पुत्री ने उसे मोबाईल से दी थी। घटना से 20 दिन पूर्व उसने आरोपीगण को सोफा सेट, पंलग, व चालीस हजार रूपये नगद दिये थे। फिर भी आरोपीगण उसकी पुत्री को परेशान करते थे। दिनांक 22.05.2015 को सुबह 9:00 बजे आरोपीगण ने रामनिवास को मोबाईल से उसे खबर दी कि आपकी बेटी के पेट में बहुत दर्द हो रहा है, आप सांगाखेडा आ जाओ। फिर वह मोटर सायकल से करीब 9:45 बजे ग्राम सांगाखेडा पहुंचा था तब उसे आरोपीगण ने बताया था कि आपकी लडकी मीराबाई ने जहरीली दवाई पी है तो वह मीराबाई को सरकारी अस्पताल ताल लेकर आया था। सरकारी अस्पताल ताल में प्राथमिक उपचार के बाद उसकी लडकी को जावरा रैफर कर दिया था। उपचार के दौरानकरीब 12:30 बजे उसे डाक्टर ने कहा कि मीराबाई की मृत्यु् हो चुकी है। । फरियादी की पुत्री मीराबाई करीब चार माह से गर्भवती भी थी। फरियादी द्वारा बताई उक्त घटना पर से थाना ताल पर अपराध क्रमांक 156/2015 पर धारा 304बी,201/ 34 भादवि का प्रकरण आरोपीगण पूरालाल उर्फ पुरचंद पिता मांगीलाल पाटीदार तथा मांगीलाल पिता बाबरू पाटीदार के विरूद्ध प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। आवश्यक अनुसंधान उपरांत अभियुक्तगण के विरूद्ध माननीय न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया । प्रकरण के विचारण के दौरान आरोपी मांगीलाल पिता बाबरू पाटीदार की मृत्यु हो गई थी। माननीय विचारण न्यायालय द्वारा पारित अपने निर्णय दिनांक 29.09.2022 को अभियोजन की ओर से प्रस्तुत साक्ष्य को प्रमाणित मानते हुये अभियुक्त पुरालाल उर्फ पूरचंद को दोषसिद्ध किया गया । प्रकरण में शासन की ओर से सफल पैरवी अपर लोक अभियोजक हैमेन्द्र कुमार गोयल द्वारा कि गई।