कठोर परिश्रम, अदम्य साहस, समर्पण भाव के साथ काम करें तो सफलता उसके चरण चूमती है-राष्ट्र संत कमलमुनि कमलेश

मंदसौर जीवा गंज 12 अक्टूबर 2022 । अकेला व्यक्ति क्या करेगा यह सोचने वाला खुद भी कुछ नहीं करता और करने वाले के मनोबल तोड़ने का पाप कमाता है। उक्त विचार राष्ट्र संत कमलमुनि कमलेश ने जैन दिवाकर प्रवचन हाल मे संबोधित करते कहा कि कठोर परिश्रम अदम्य साहस समर्पण भाव के साथ काम करें तो सफलता उसके चरण चूमती है। उन्होंने कहा कि हजारों तारे प्रकाश नहीं कर सकती एक चंद्रमा काफी है समूह ने कभी क्रांति नहीं की इतिहास साक्षी शुरुआत एक ने की।
मुनि कमलेश ने बताया कि जो मान-अपमान की परवाह नहीं करता हानि लाभ कि नहीं सोचता दुनिया की बातों की परवाह नहीं करता वह महापुरुष बनता है।
राष्ट्रसंत ने बताया कि अकेला होने के बावजूद भी सत्य और न्याय उसके साथ हैं तो पूरा संसार उसके साथ हैं कोई भी दुनिया की ताकत उसको पराजित नहीं कर सकते कौशल मुनि जी ने मंगलाचरण किया गौतम मुनि ने विचार व्यक्त किए।
मंदसौर जिला कलेक्टर गौतम सिंह जी ने कहा कि धन शक्ति सत्ता शक्ति सबसे महान जनशक्ति यह जन क्रांति सबसे महान क्रांति है जन सहयोग से हर कार्य सफल हो सकते हैं मुनि कमलेश की प्रेरणा से रेवास देवड़ा अकोदड़ा गौशाला जल्दी प्रारंभ की जाएगी।
राष्ट्रसंत कमल मुनि कमलेश के आगामी 2023 के चातुर्मास हेतु श्री वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ इंदौर का प्रतिनिधिमंडल अचल चौधरी डिपिन जैन रमेश भंडारी प्रकाश भटेवरा जिनेश्वर जैन हंस कुमार जैन राजकुमार जैन पंजाबी समरमल कोठारी श्रीमती रेनू जैन सेवा में उपस्थित हुए श्री संघ की ओर से अनिल संचेती अशोक मारू अजीत खटोड़ शशि मारू नेसभी का स्वागत किया गया श्री जैन दिवाकर गुरु प्रताप गोशाला कमल तीर्थ पालकोट की अध्यक्ष राजेंद्र जी यादव कोषाध्यक्ष भगवती लाल जी टाक ने आगामी चातुर्मास की विनंती की उनका भी स्वागत किया गयासंचालन विजय खटोड़ ने किया।

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