श्री रामजन्म भूमि क्षेत्र से आये अक्षत कलश का पूजन किया गया

  • जीवन भर पुलिस विभाग में रहकर सेवा करने वाली माताजी ने मृत्यु के पश्चात भी अपने देह को समाज हित मे लगाने का निर्णय ले कर समस्त मानव जाति को प्रेरणा देने का कार्य किया है
  • श्री जांगीड़ ब्राम्हण समाज मंदिर पर 119वाँ हनुमान चालीसा का पाठ सम्पन्न

रतलाम। “स्वयं के सुधार से ही समाज सुधार संभव है”
सेवावीर सामाजिक कल्याण समिति द्वारा चलाये जा रहे हनुमान चालीसा पाठ अभियान के अंतर्गत दिनांक 12 दिसंबर मंगलवार को प्रातः 8 बजे चांदनीचौक स्थित श्री जांगीड़ ब्राम्हण समाज मंदिर पर 119 वाँ हनुमान चालीसा का पाठ किया गया।
इस आयोजन में हनुमान चालीसा के पश्चात श्री रामजन्म भूमि क्षेत्र से आये अक्षत कलश का समस्त सदस्यों द्वारा पूजन किया गया। जांगिड़ ब्राम्हण समाज मे कार्यक्रम को लेकर बहुत ही हर्ष एवं उत्साह रहा ।भविष्य में भी समिति को अपने शुद्ध भाव के साथ सहयोग देंगे ऐसा आश्वासन भी दिया। कार्यक्रम के पश्चात मंदिर पुजारी स्वर्गीय श्री मदनमोहन जी आर्य की सुपुत्री सु श्री संध्या जी आर्य जो कि पुलिस विभाग में पदस्थ रही है उनके द्वारा मण्डल सदस्यों की उपस्थिति में देह दान का संकल्प लिया गया। जीवन भर पुलिस विभाग में रहकर सेवा करने वाली माताजी ने मृत्यु के पश्चात भी अपने देह को समाज हित मे लगाने का निर्णय ले कर समस्त मानव जाति को प्रेरणा देने का कार्य किया है।
देहदान के लिए फॉर्म भरने की प्रक्रिया शीघ्र ही कर दी जाएगी ईश्वर आप जैसी प्रेरणा दाई माँ को सदैव अपनी कृपा पात्र बना कर रखे आप सदैव निरोगी रहे एवं दीर्घायु रहे। क्यो की आप जैसे लोग जो मृत्यु के बाद भी समाज हित सोच रहे है वह जीवित रहते निश्चित ही अनेको पुनीत कार्य करेंगे। कार्यक्रम में समाज के वरिष्ठ जन एवं समस्त सेवा वीर उपस्थित रहे।