

शिरपुर समर्थ नगर 1 जनवरी 2024 । आध्यात्मिक पारिवारिक सामाजिक धार्मिक राष्ट्रीय समस्या और विवाद में उलझे हुए व्यक्ति धार्मिकता के नाम पर कलंक है उक्त विचार राष्ट्र संत कमल मुनि जी कमलेश ने संबोधित करते हुए कहा कि समस्या विवाद और धार्मिकता में 36 का आंकड़ा है।
उन्होंने कहा कि वही धर्म महान है जो समस्या और विवादों को दूर करने के लिए भूमिका निभाता है। दुर्भाग्य है धर्म की जाजम जमीन विवादों के अखाड़ा में परिवर्तित होती नजर आ रही है।
मुनि कमलेश ने बताया कि विश्व की सभी विवादों और समस्याओं का हल धर्म के माध्यम से ही संभव हो सकता है शर्तें धार्मिक व्यक्ति निष्पक्ष हो।
राष्ट्र संत ने क्रांति का शंखनाद करते कहां की मानवीय एकता अखंडता के खिलाफ तत्वों के खिलाफ मोर्चा खोलना होगा। शांति प्रेम सद्भाव का माहौल धर्म के माध्यम से बनेगा तभी युवा पीढ़ी के आस्था का केंद्र धर्म होगा।
जैन संत ने बताया कि वर्चस्व की लड़ाई और नेतृत्व की भूख ने अपनी स्वार्थ पूर्ति के लिए एकता में भी विघटन करके जहर घोलने मैं भी शर्मा महसूस नहीं कर रहे हैं । नववर्ष के ऊपर विघटनकारी तत्वों के खिलाफ संगठित होकर काम करने का जनता को संकल्प दिलाया । नव वर्ष पर भारी संख्या में जनता उमड़ पड़ी । 2 जनवरी को नारडाना में प्रातः9:00 बजे प्रवचन का आयोजन होगा।