
रतलाम 03 अप्रैल 2024। सिविल सर्जन डॉ. एम.एस. सागर ने आगामी ग्रीष्म ऋतु को दृष्टिगत रखते हुए चिकित्सालय परिसर में चिकित्सकों की बैठक ली। बैठक के दौरान उन्होंने निर्देशित किया कि गर्मी के मौसम में अक्सर अस्पताल में बिजली के तारो से स्पार्किंग के कारण आगजनी की घटना घटित होती है या फिर पानी की किल्लित पैदा होती है। ऐसी अप्रिय घटना घटित ना हो इसके लिए विस्तार से कार्य योजना तैयार की गई। इसी क्रम में चिकित्सालय में सभी चिकित्सक को व्यवस्था बनाने में सहयोग की अपेक्षा की गई।
बैठक में बताया गया कि अस्पताल परिसर में कहीं भी अनावश्यक बिजली चालू हों, पंखे चालू हों या एसी चालू हों तो तत्काल स्वयं बंद करें। यदि किसी इलेक्ट्रिक पॉइंट पर स्पार्किंग हो रही हो, तो तत्काल संबंधित स्विच को बंद करें तथा इलेक्ट्रीशियन, अस्पताल मैनेजर, आरएमओ एवं सिविल सर्जन को सूचित करे ताकि आगजनी की अप्रिय घटनाओं को रोका जा सके। साथ ही विद्युत का अपव्यय ना हो। सिविल सर्जन में गर्मी के हालात को दृष्टिगत रखते हुए कहा कि अस्पताल के सभी चिकित्सक अस्पताल परिसर में मरीज एवम परिजन की परेशानी को ध्यान में रखते हुए समुचित इलाज की व्यवस्था पर ध्यान दें ।
अस्पताल परिसर में मरीज के लिए पेयजल की व्यवस्था पर भी ध्यान केंद्रित करें यदि किसी स्थान पर पानी का अपव्यय होता हुआ दिखाई दे, तत्काल ऐसे स्रोत को बंद कर दे। उन्होंने स्पष्ट किया कि अस्पताल परिसर के सभी चिकित्सा अधिकारी स्वयं को सिविल सर्जन मानकर ही अस्पताल परिसर में आवश्यक व्यवस्था बनाने में अपना योगदान दे। सिविल सर्जन ने कहा कि गर्मी के समय में लू एवं तापाघात की स्थितियों से बचाव के लिए आमजन को आवश्यक परामर्श एवं जानकारी प्रदान करें तथा लु से प्रभावित मरीज का उचित उपचार करें। यथासंभव आमजन को मिलने वाली स्वास्थ्य सुविधाओं के संबंध में संवेदनशील होकर सेवाएं प्रदान करें।