

बेंगलुरु यशवंतपुर जैन स्थानक भवन 28 मई । किसी भी धर्म ग्रंथ में यह नहीं लिखा है कि असहाय निर्दोष बेकसूर पर जुल्म करने वाला व्यक्ति सजा नहीं पाएगा l खुदा और भगवान के घर पर देर है अंधेर नहीं। कर्मों के दरबार में कोई बच नहीं पाएगा l वहां पर रिश्वत और सिफारिश कुछ भी चलने वाला नहीं है l उक्त विचार राष्ट्र संत कमल मुनि जी कमलेश ने संबोधित करते कहा कि जैसा खेत में बीज डालेंगे वैसे फसल मिलेगी जैसे कर्म करेंगे वैसा फल प्राप्त होगा l
उन्होंने कहा कि इंसान ही नहीं कोई भी प्राणी हो उसको सताने पर उसकी आत्मा से निकलने वाली बद्दुआ राजा हो या रंग बना देती है। किसी को तकलीफ देने से बड़ा और कोई पाप नहीं है और किसी को सुख पहुंचाना उससे बड़ा धर्म नहीं है l
मुनि कमलेश ने कहा कि अपने गुनाहों पर जिसको पश्चाताप नहीं होता उसका दान तीर्थ सेवा धाम आत्म कल्याण में सहयोगी नहीं बन सकता l आपने कहा कि भगवान और खुदा के चरणों में अहंकार क्रोध स्वार्थ लोग मोह और नफरत व्यसन और बुराइयों की कुर्बानी देंगे तभी वह हमारे ऊपर प्रसन्न होंगे l वस्तु से उनका कोई संबंध नहीं है पवित्र भाव उनके पास में पहुंचते हैं l
अंत में कहां की विश्व का कोई भी महापुरुष किसी भी प्राणी को सताने की इजाजत नहीं देता है हम प्यार नहीं कर सकते तो नफरत करने का कोई अधिकार नहीं है l
संघ के अध्यक्ष सुमेर सिंह मुनोत, मंत्री रमेश बोहरा, अन्न राज, उत्तमचंद भलगट, कोठारी नेमीचंद कटारिया, लादू लाल दलाल, किशोर कुमार सिंघवी, बाबूलाल मेहर, सहित बिहार ग्रुप के सभी कार्यकर्ताओं ने अनुपम सेवा का लाभ लिया। कल सुबह 9:00 बजे मुनि कमलेश के सानिध्य में श्री वर्धमान स्थानकवाशि जैन श्रावक संघ की ओर से वीरांगना सम्मान समारोह आयोजित किया जा रहा है।