देश की एकता और अखण्डता के लिए डाॅ. मुखर्जी के बलिदान का ऋण हम कभी नही चुका पायेंगे- सांसद श्री लालवानी

रतलाम । जनसंघ के संस्थापक डाॅ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने देश की एकता और अखण्डता के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिये। दो प्रधान, दो निशान और दो संविधान के खिलाफ डाॅ. मुखर्जी ने संघर्ष करते-करते अपना बलिदान दे दिया। डाॅ. मुखर्जी ने देश की एकता और अखण्डता का जो सपना संजोया था, देश के प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने धारा 370 तथा अनुच्छेद 35 ए को खत्म करके उस सपने को हकीकत मे बदल दिया।
उक्त विचार इंदौर के सांसद श्री शंकर लालवानी जी ने डाॅ. मुखर्जी के बलिदान दिवस से भाजपा द्वारा मनाये जा रहे पखवाडे़ के अंतर्गत आयोजित जिला स्तरीय वर्चुअल संवाद के अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप मे व्यक्त किये। श्री लालवानी ने कहा कि देश को अखण्ड बनाये रखने के लिए डाॅ. मुखर्जी द्वारा दिखाये मार्ग पर चलना ही हमारा लक्ष्य होना चाहिए।
वर्चुअल संवाद के अवसर पर भाजपा के प्रदेश सह कोषाध्यक्ष श्री अनिल जी जैन ने भी अपने विचार व्यक्त किये।
उक्त जानकारी देते हुए भाजपा जिला मीडिया प्रभारी श्री अरूण राव ने बताया कि जिला स्तरीय वर्चुअल बैठक मे जिलाध्यक्ष श्री राजेन्द्र सिंह लुनेरा, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य श्री अशोक पोरवाल, जिला महामंत्री श्री मनोहर पोरवाल, जिला कार्यालय मंत्री श्री मनोज शर्मा, कार्यक्रम के जिला प्रभारी श्री विजय चारेल, श्री ओपेन्द्र सिंह यादव सहित जिले के सभी मंडल अध्यक्ष, मंडल महामंत्री एवं कार्यक्रम के मंडल प्रभारी उपस्थित थें।

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