मध्यप्रदेश लिटरेचर फेस्टिवल 2023, नर्मदा साहित्य मंथन, में अंतरराष्ट्रीय अतिथि व लेखक के रूप में शामिल होकर प्रदेश की बेटी सुश्री सीए मयूरी चोरड़िया ने बढ़ाया मालवा क्षेत्र का सम्मान

रतलाम । विगत दिनों धार में आयोजित हुए नर्मदा साहित्य मंथन के नाम से होने वाले साहित्यिक महापर्व में मध्यप्रदेश साहित्यिक निदेशक, डा.विकास जी दवे ने प्रदेश की बेटी सुश्री मयूरी चोरड़िया का परिचय देते हुए स्वागत किया। उन्होंने बताया कि वैसे तो मयूरी जी ब्रिटेन में रहती है और विगत कई वर्षों से सीए प्रोफेशन में कार्यरत है, तो उनका अंग्रेजी बोलना तो स्वाभाविक है ही लेकिन हिंदी और संस्कृत पर भी इनका काफी कमांड है। इस कार्यक्रम में साहित्य जगत के वरिष्ठ लोग श्री प्रफुल्ल केतकर, श्री प्रशांत पॉल, डा. नीरजा जी गुप्ता, श्री डी. के दुबे, श्री धर्मवीर शर्मा जी, महापौर श्री पुष्यमित्र भार्गव जी, सहित अनेक लोग शामिल थे। सुश्री मयूरी जी ने अपनी किताब ए जिंदगी, कुछ हकीकत कुछ ख्वाब को उपहार के स्वरुप श्री प्रफुल्ल जी केतकर को मंच पर भेंट किया तथा अपनी आने वाली मोटिवेशनल किताब Life is a game के बारे में भी बताया।
उन्होंने आगे संबोधन में कहा की-
साहित्यसङ्गीतकलाविहीनः साक्षात्पशुः पुच्छविषाणहीनः अर्थात
साहित्य,संगीत व कला से विहीन मनुष्य पशु के समान है आगे उन्होंने अपनी बुक का संबोधन देते हुए चार लाइने सुनाई और कहा की लोगों के गुनाहों की सरेआम नुमाइश ना कर, महज इंसान है तू उनकी सजा मुकर्रर ना कर, तू कर कर्म अपना कोई दगा ना कर, और खुदा है कहीं ना कहीं तू ही सबका हिसाब ना कर ।
तभी वहा उपस्थित सभी लोगो ने जोरदार तालियों से उनका स्वागत किया और हम अभिभूत हैं कि हमारे प्रदेश की बेटी जिस तरह से साहित्य, कला, संगीत तथा धार्मिक, सामाजिक, आर्थिक, व्यवसायिक और अन्य तरीको से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हमारे प्रदेश का नाम रोशन कर रही है वह वास्तव में प्रेरणादायक है और आंनदित करने वाला है। यह पूरे मध्यप्रदेश के लिए अत्यंत गौरवशाली है कि हमारी रतलाम की बेटी आज इस तरह से देश और विदेश में प्रत्येक क्षेत्र में हमारे रतलाम का, मध्य प्रदेश का तथा देश का मान सम्मान बढ़ा कर हमें गौरवान्वित कर रही है और हमारी संस्कृति का परचम लहरा रही हैं। उक्त जानकारी पत्रकार निलेश बाफना ने दी ।