

भीलवाड़ा 14 मार्च ( सुनिल चपलोत)। सेंट्रल जेल राष्ट्र संत कमल मुनि कमलेश,आचार्य सुदर्शन मुनि भव्यदर्शन मुनि ने जीव मैत्री संस्थान की और से मंगलवार को सेट्रल जेल मे कैदियों को धर्म संदेश दे हुयें कहा कि जन्म से कोई मनुष्य महान या गुनहगार नही होता परन्तु उसकी जैसी संगत होगी वैसा ही वह बनता है । संघति अच्छी रखोगे तभी अपने जीवन का निर्माण कर पाओगे । वरना गुस्से और नशे के आधीन रहोगे तो गुनहगार बनागे । सेंट्रल जैल मे संतो के पधारने पर जैल अधिक्षक भैरूसिह राठौड़ जेलर मुकेश जारोटिया, ने जैन संतो कि अगवानी करते हुये जीव मैत्री संस्थान के अध्यक्ष हेमन्त कोठारी अहिंसा भवन के संरक्षक हेमन्त आंचलिया पूर्व सभापति मंजु पोखरना,सुरेन्द्र सुराणा ,वी के जैन गुणमाला बोहरा का जैल परिसर मे अभिनन्दन किया । प्रवक्ता सुनिल चपलोत ने बताया कि इसदौरान कैदियोंनो जैन संतो से नशा मुक्ति के सकल्प लेकर नशे का त्याग किये।