परम पूज्य आचार्य भगवंत कुलबोधी सुरीश्वर जी म. सा. के अलकापुरी आगमन पर भावभीनी अगवानी की गई

रतलाम। परम पूज्य आचार्य भगवंत कुलबोधी सुरीश्वर जी म. सा. का श्रेयांसनाथ जैन श्वेतांबर मंदिर ट्रस्ट अलकापुरी की भावभीनी विनती पर अलकापुरी क्षेत्र में मोहन बाग पर विशेष प्रवचन संपन्न हुए। पूज्य गुरुदेव के अलकापुरी आगमन पर प्रात: से ही समाज जन में अभूतपूर्व उत्साह था। बुधवार को प्रातः 7:00 बजे से ही श्रावक श्राविकाएं अलकापुरी चौराहे पर एकत्रित होना शुरू हो गए। यहां पर अलकापुरी जैन श्री संघ, सज्जन मिल जैन श्री संघ, कस्तूरबा नगर जैन श्री संघ एवं अलकापुरी महिला मंडल की श्राविकाओं द्वारा भावभीनी अगवानी की गई। त्रिभुवन कीर्ति पाठशाला की बालिकाओं द्वारा सिर पर सुंदर कलश लेकर नृत्य करते हुए गुरु भगवंत की अगवानी की। अलकापुरी चौराहे से ढोल नगाड़ों सहित पूज्य गुरुदेव सामैया के साथ श्रेयांसनाथ जैन श्वेतांबर मंदिर पहुंचकर प्रभु के दर्शन वंदन एवं सामूहिक चैत्यवंदन हुआ । इसके पश्चात पूज्य गुरुदेव अट्ठम तप के लाभार्थी अखिलेश सुनीता बोहरा के निवास पर पगलिया करने हेतु पधारे। श्रेयांसनाथ जैन श्वेतांबर मंदिर ट्रस्ट संघ अलकापुरी की ओर से पधारे हुए समाजजन की नवकारसी कम्युनिटी हाल पर संपन्न हुई। पूज्य गुरुदेव आचार्य कुलबोधि सुरिश्वर जी म. सा. ने मोहन बाग में प्रवचन देते हुए फरमाया कि बड़ी मुश्किल से यह मनुष्य भव प्राप्त हुआ है और अगर आपको अगला भाव सुधारना है तो इस मनुष्य भव का सदुपयोग कर लेना चाहिए। आपके जीवन में सुख है तो आपको दुख आने पर उसको भी स्वीकार करना चाहिए। पाप कर्मों से दूर रहते हुए सत् कर्म करते हुए धर्म का सत्कार करना सीख लेना चाहिए।
इस अवसर पर अलकापुरी क्षेत्र के वर्धमान ओलीजी के 17 तपस्वीयों एवं अट्ठाई तप के दो तपस्वियों का मंदिर के ट्रस्टीगण शैतान मल बोहरा, शीतल गेलड़ा, जयंत बोहरा, हिम्मत गेलड़ा, हंसराज चोपड़ा, कमलेश भंडारी, दिलीप गेलड़ा, जयंतीलाल जैन, विजय सिंगावत, विमल छाजेड़, पुखराज चंडालिया एवं अखिलेश जैन द्वारा तिलक लगाकर शाल, श्रीफल एवं माला पहनाकर बहुमान किया गया।
ओली जी के तपस्वी सुनीता बोहरा, शकुंतला चंडालिया, अखिलेश बोहरा, पुखराज चंडालिया, एलीशा चंडालिया, कविता चंडालिया, मंजू भंडारी, सलोनी जैन, भूमिका गांग, समृध्दि बोलिया, लब्धि बोलिया, प्रियांशी गांधी, प्रियंका जैन, ममता सिपानी, चैतन्य सिपानी, सोनू गेलड़ा, संगीता सिपानी एवं अट्ठाई तप के तपस्वी नितिन संघवी, सरिता संघवी का बहुमान किया गया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में क्षेत्र के युवा साथी राजेश मेहता, मनीष मेहता, नवीन मेहता, प्रियेश छाजेड़, रजनीश जैन, शैलेष बोहरा, विजय बोहरा, राजेश चंडालिया, अभिषेक कर्नावट आदि का बहुत ही सराहनीय सहयोग रहा।
प्रवचन के दौरान जयंत बोहरा के निवेदन पर पूज्य आचार्य भगवंत से करीब 100 लोगों ने जमीकंद का त्याग करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का संचालन करते हुए हिम्मत गेलड़ा द्वारा अलकापुरी क्षेत्र में चल रही धार्मिक गतिविधियों से अवगत कराते हुए आज के कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु सभी का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर मोहन कास्वा, अभय लुनिया, सुनील मूणत, विजय पितलिया, प्रकाश नांदेचा, आर एम जैन, प्रदीप बोलिया, रमेश कोठारी, दिलीप नाबेडा , बसंत धारीवाल, सुभाष पोरवाल , झमक चतर, प्रमोद रांका, प्रदीप डांगी, अनिल गोखरू, ललित मेहता, हरीश यादव, प्रहलाद मालवी, प्रतीक कोकरा, भाजपा मंडल अध्यक्ष मयूर पुरोहित, वार्ड पार्षद देवश्री पुरोहित आदि सैकड़ो की संख्या में समाज जन ने प्रवचन का धर्म लाभ प्राप्त किया।