चातुर्मास विदाई समारोह : संत की वाणी और साधना में अलौकिक शक्ति होती है जो पापी को भी पुण्यात्मा के रूप में परिवर्तित कर देती है – राष्ट्र संत कमल मुनि जी कमलेश

इंदौर महावीर भवन 28 नवंबर 2023 । संत धर्मस्थल की चारदीवारी से बाहर निकलकर माली बनकर मानवता के बगीचे में निस्वार्थ भाव से समर्पित होंगे तभी मानवता गुलजार होगी उक्त विचार राष्ट्र संत कमल मुनि जी कमलेश ने चातुर्मास विदाई समारोह को संबोधित करते कहा की संत धर्मगुरु धर्म स्थल की चार दीवारों में कैद हो गए और मानवता डूब गई तो धर्म स्थल के ताले कौन खोलेंगे।
उन्होंने कहा कि संत गरीब अमीर छोटे बड़े जातिवाद की दीवारों से ऊपर उठकर संपूर्ण मानवता को अपना लक्ष्य बनाएं। मुनि कमलेश ने बताया कि सर्दी-गर्मी, मान और अपमान की परवाह न करने वाला ही सच्चा संत होता है उनकी निगाहों में राजा-रंग समान होते हैं। राष्ट्र संत ने कहा कि संत की वाणी और साधना में अलौकिक शक्ति होती है जो पापी को भी पुण्यात्मा के रूप में परिवर्तित कर देती है।
जैन संत ने बताया कि संत आध्यात्मिक संस्कृति की रक्षा और सैनिक देश की रक्षा के लिए जितने जागरुक और सक्रिय रहेंगे उतना ही मानवता का भविष्य उज्जवल होगा। अखिल भारतीय जैन दिवाकर विचार मंच नई दिल्ली शाखा महाराष्ट्र मनोहर लाल जैन महिला शाखा रानी बाफना पुणे महाराष्ट्र पधारने की विनती की आगामी 2024चातुर्मास मुनी कमलेश का भायंदर मुंबई तय हुआ है समारोह की अध्यक्षता दिवाकर मंच मध्य प्रदेश शाखा के अध्यक्ष विजय खटोड़ मंदसौर ने की संघ के महामंत्री रमेश भंडारी ने आभार व्यक्त किया। चातुर्मास समिति के संयोजक प्रकाश भटेवरा ने बताया कि महावीर भवन राजवाड़ा से बिहार करके श्वेतांबर स्थानकवासी पद्मावती पोरवाल जंगमपुरा पधारे। भारी संख्या में जनता ने पदयात्रा का लाभ लिया अध्यक्ष तेजमल जी जैन पूर्व अध्यक्ष महेश जैन ने संग की ओर से अभिनंदन किया गया। गौतम प्रसादी का आयोजन हुआ 29 नवंबर प्रातः 9:00 बजे यहां पर महामंत्र का आयोजन होगा।