अणु उमेश जन्म जंयती पर अणु मित्र मंडल ने गौशाला पहुंचकर अनुकरणीय गौ सेवा की

गौसेवा कर मंडल सदस्यों को मिला आत्मीय सुकून

रतलाम। आज के इस आपा थापी एवं व्यस्ततम जीवन में व्यक्ति के अपने स्वयं के ही कई कार्य नहीं हो पाते हैं। ऐसे में किसी मानव सेवा, गौ सेवा आदि का कार्य जेहन में लाना संभव सा नहीं लगता हैं। किंतु उत्कृष्ट भावना हो और सेवा के प्रति समर्पण हो तो व्यक्ति कहीं भी कभी भी समय निकाल ही लेता हैं। यहां ऐसी ही एक संस्था अणु मित्र मंडल के रूप में संचालित हो रही हैं। जिसके सदस्य अपने अतिव्यस्ततम समय में से महत्वपूर्ण प्रसंगों को स्मरण रखकर मानव सेवा, गौ सेवा आदि पुनीत कार्य करने का बेड़ा उठाकर पुण्य लाभ ले ही लेते हैं। इसी के तहत असीम आस्था के केंद्र आचार्यश्री उमेशमुनिजी की 92 वीं जन्म जयंती प्रसंग पर अणु मित्र मंडल के तत्वावधान में “गौ सेवा का पुनीत कार्य” कर जन्म् जयंती मनाई गई। इस अवसर पर मंडल सदस्य जन्म जयंती प्रसंग पर त्रिवेणी रोड़ स्थित बकरा गौशाला पर एकत्रित हुए। अणु मित्र मंडल के अध्यक्ष नवदीप मूणत ने बताया कि गाय को चारा, चना, गुड़ आदि खाद्य सामग्री मंडल के सदस्यों ने अपने हाथों से खिलाई गई। वहां पर नवकार महामंत्र के जाप किए गए एवं राजेश कोठारी द्वारा सभी को मांगलिक श्रवण करवाई गई।
बड़ी संख्या में उपस्थित थे सदस्यगण
इस अवसर पर अणु मित्र मंडल के राजेश कोठारी, मिलिन गांधी, उपाध्यक्ष अभय लोढ़ा, महामंत्री विकास पितलिया, कोषाध्यक्ष रितेश मांडोत, सचिव सौरभ कोठारी, सहसचिव अक्षय मूणत, सह कोषाध्यक्ष दिनेश पटवा, राजेश सोनी, राकेश झामर, प्रमोद वोरा, संदीप चौपड़ा, परेश डोसी, दिपेश कांसवा, महेश कटकानी, मनीष बोहरा, प्रवीण खुणिया, हेमंत मेहता, जितेश चौपड़ा, राजेश गांधी, राजेश भंडारी, निखिलेश कोठारी, निलेश मुरार, संजय जैन, अणु बाल मंडल के अध्यक्ष अणु लोढा, संस्कार वोहरा, रचित गांधी, मोक्षित गांधी आदि के आलावा जीव मैत्री परिवार के नितेश दरड़ा, दीपक कटारिया, अंतिम लोढ़ा, अजय सोनी, शिव बम्बोरी, संजय गांधी, प्रणय सोनी, मनीष मालपानी, विजय भंडारी आदि सदस्य बड़ी संख्या मे उपस्थित थे। मित्र मंडल सदस्यों के साथ छोटे बच्चें भी उपस्थित थे। अणु मित्र मंडल के वरिष्ठ मार्गदर्शक विनय लोढ़ा ने बताया कि इसके अलावा चार अन्य गौशालाओं पर भी खाद्य सामग्री पहुचाई गई।
अनुकारणीय सेवा के लिए मंडल सदस्यों को दिया साधुवाद
सभी ने मंडल के पदाधिकारियों एवं सदस्यों के प्रति धन्यवाद देकर आभार प्रेषित करते हुए कहा कि वास्तव में मानव सेवा, गौ सेवा आदि अनुकरणीय कार्य करने वाली इस तरह की संस्था साधुवाद के योग्य हैं, जो इस तरह का पुनीत कार्य कर पुण्य अर्जित करते हैं।
सेवा कार्य से अकल्पनीय सुकून मिलता हैं
अणु मित्र मंडल द्वारा आचार्यश्री की जन्म जयंती के अलावा दीक्षा जयंती, पुण्यतिथि आदि विभिन्न महत्वपूर्ण प्रसंगों पर भी मानव सेवा, गौ सेवा आदि इस तरह के पुनीत कार्य किए जाते हैं। ऐसे सेवा कार्य करने से मंडल सदस्यों को अकल्पनीय सुकून मिलता हैं।