रतलाम 1 अगस्त । विक्रम विश्वविद्यालय उज्जैन द्वारा बी.ए. 3 के घोषित परिणाम मे जिले के शासकीय महाविद्यालय सैलाना के कुछ छात्राओं द्वारा कलेक्टर श्री राजेश बाथम से मिलकर परीक्षा परिणाम में हुई त्रुटि के निराकरण हेतु अनुरोध किया था।
छात्राओं द्वारा बताया गया कि वे बी.ए. 3 की नियमित छात्रा है, परन्तु भारतीय संस्कृति एवं अंग्रेजी भाषा के प्रश्न पत्र में उन्हें बी.ए 3 के स्थान पर बी.एस.सी. 3 का प्रश्नपत्र दिया गया, इस प्रकार की संख्या एवं वस्तु स्थिति के संबंध में कलेक्टर के निर्देशानुसार अग्रणी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. वाय. के. मिश्र को निर्देशित किया गया।
प्राचार्य शासकीय महाविद्यालय सैलाना से जानकारी प्राप्त की गई उन्होने बताया कि छात्राओं की शिकायत सही है क्योंकि बी.ए. 3 प्रश्नपत्रों में कुल 22 बी.एस.सी. 3 का प्रश्नपत्र निकला। जिसे छात्राओं को वितरित किया गया। विश्वविद्यालय को सूचित कर निर्देश प्राप्त किए गए।
विश्वविद्यालय द्वारा बताया गया कि चूंकि बी.एस.सी. 3 तथा बी.ए 3 पाठ्यक्रम एक समान है अतः छा़त्राओं को प्रश्नप़त्र हल करने देवे परीक्षा के प्रश्नपत्रों के मूल्यांकन के समय संदर्भित की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन बी.एस. सी. 3 के आदर्श उत्तर के आधार पर किया जाएगा। परन्तु परिणाम आने पर ऐसा नहीं हुआ जिससे सभी 22 विद्यार्थी अनुत्तीर्ण हो गए।
कलेक्टर श्री बाथम के संज्ञान मे प्रकरण आने के उपरांत डॉ. मिश्र. प्राचार्य अग्रणी कॉलेज रतलाम द्वारा विश्वविद्यालय के अधिकारियों से चर्चा की गई जिसमें छात्राओं का कथन सही पाया गया। उन सभी विद्यार्थियों के उत्तर पुस्तिकाओं का मुल्यांकन बी.एस.सी. 3 के आर्दश उत्तर से कराए जाने पर 22 में से 15 विद्यार्थी सफल घोषित हुए। शेष विद्यार्थियों के ग्रेडिंग 35 से कम होने के परिणाम स्वरूप अंकसूची में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
संशोधित परीक्षा परिणाम की घोषणा 30 जुलाई 2025 को गई। जिसकी जानकारी प्रभारी प्राचार्य शा. महाविद्यालय सैलाना डॉ. आर. पी. पाटीदार द्वारा अग्रणी कॉलेज प्राचार्य को दी गई है। कलेक्टर श्री राजेश बाथम के त्वरित कार्यवाही से सभी विद्यार्थी हर्षित है।