अंधकार से उजाले की ओर : ग्रामीण क्षेत्र में भी नेत्रदान का बढ़ता रुझान

रतलाम । ग्राम बिरमावल की घेनाबाई पाटीदार के नेत्रदान से दो जरूरतमंदों को मिलेगी नई दृष्टि, रतलाम जिले में फैल रहा जागरूकता संदेश समाजसेवा की दिशा में प्रेरणादायक पहल करते हुए ग्राम बिरमावल निवासी श्रीमती घेनाबाई पाटीदार का नेत्रदान (कॉर्निया) सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस पुनीत कार्य से दो जरूरतमंदों को नई दृष्टि प्राप्त होगी, जो उनके अंधकारमय जीवन में प्रकाश लाएगी। इस पहल की शुरुआत सुरेश पाटीदार (सिमलावदा) ,सुखदेव पाटीदार, ने की। उन्होंने घेनाबाई पाटीदार के पुत्र जगदीश पाटीदार, प्रकाश पाटीदार एवं अन्य परिजनों को नेत्रदान के लिए प्रेरित किया। परिजनों की सहमति के बाद, नेत्रम संस्था के माध्यम से पूरी प्रक्रिया संपन्न हुई।
हेमन्त मूणत ने बताया कि सूचना मिलते ही गीता भवन न्यास, बड़नगर के ट्रस्टी एवं नेत्रदान प्रभारी डॉ. जी.एल. ददरवाल, सहयोगी मनीष तलाच और परमानंद राठौड़ के साथ तत्परता से बिर्मावल पहुँचकर नेत्रदान की प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूर्ण किया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामवासी, स्नेहीजन और शुभचिंतक उपस्थित रहे। नेत्रम संस्था ने पाटीदार परिवार का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह कदम न केवल शहर में बल्कि रतलाम जिले के ग्रामीण अंचलों में भी नेत्रदान के प्रति बढ़ती जागरूकता का प्रतीक है। संस्था ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे भी नेत्रदान के संकल्प में आगे आएँ और अंधकार में जी रहे लोगों के जीवन में उजाला फैलाने में भागीदार बनें।