परमात्मा का संदेश है ‘सावित्री’

  • ओरो आश्रम में पांँच दिवसीय शिविर का समापन
  • सामूहिक ध्यान हुआ

रतलाम। श्री अरविन्द द्वारा रचित ‘सावित्री’ महाकाव्य विश्व में परमात्मा का संदेश है। यह एक आध्यात्मिक महाकाव्य है। यह मृत्यु पर संपूर्ण विजय की गाथा है।
श्रीअरविन्द मार्ग स्थित ओरो आश्रम में चल रहे पांँच दिवसीय स्वाध्याय, साधना, सत्संग, समागम शिविर के अंतिम दिन श्रीअरविन्द आश्रम, बड़ौदा के वरिष्ठ साधक डॉ शरद जोशी ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि ‘सावित्री’ का कथानक एक दिन का कथानक है। प्रारंभ में श्रीअरविन्द श्रीविग्रह-दिव्यांश स्थल ( समाधि ) पर सामूहिक ध्यान हुआ। इसके पश्चात मातृकक्ष में श्रद्धालुओं ने प्रणाम कर प्रसाद ग्रहण किया।