जावरा ( अभय सुराणा ) । जीवन में सुख दुख की कई प्रकार की घटनाएं घटित होती रहती है जिससे आदमी आहत रहता है मगर होली ऐसा त्यौहार है जिसमें दुख सुख सब मिट जाते हैं इन सब में होली प्रेम मिलन का त्योहार है जहा आपस में रंग डाल कर आत्म विभोर हो खो जाना ही होली का महत्व होता है । यह बात अटल ग्राम विकास सामाजिक संगठन जावरा से सम्बद्ध समग्र मालवा के फाग उत्सव के अंतर्गत वार्षिक काव्य गोष्ठी में अध्यक्षता कर रहे वीवी कुलकर्णी ने कहे। यह आयोजन श्री राम विद्या मंदिर पर राम बाग़ पर आयोजित किया गया। कार्यक्रम के प्रारंभ में मां सरस्वती एवं भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण, दीप प्रज्वलित अतिथियों द्वारा किया जाकर। कार्यक्रम को गति प्रदान की कार्यक्रम के अध्यक्ष श्री वी वी कुलकर्णी का स्वागत रमेश मनोहरा द्वारा स्वागत किया गया। तत्पश्चात सरस्वती वंदना शमनोहर सिंह चौहान मधुकर ने प्रस्तुत की ।
कवियों का पुष्पमाला से स्वागत अभय कोठारी , मनोहर सिंह चौहान ,मधुकर हिम्मत परिहार ,जगदीश उपमन्यु ने किया संस्था प्रमुख अभय कोठारी ने संस्था की गतिविधियों पर प्रकाश डाला और कहा कि संस्था 8 सालों से लगातार होली के अवसर पर फाग उत्सव मनाती आ रही है इसी कड़ी में आज की यह गोष्ठी में हास्य व्यंग्य गीत गजल कविताओं से मस्ती के साथ भरपूर आनंद दायक रही,इस गोष्ठी में पढ़ी गई कविताएं रचनाएं हास्य व्यंग प्यार प्रीत की सुगंध देगी । गोष्टी में देवी लाल यादव ने छोटी-छोटी हास्य कविताएं तो ओम प्रकाश शिकारी ने उपस्थित कवियों को व्यंग्य युक्त उपाधि देकर सुशोभित किया एवम होली की रचना सुनाई, इसके बाद गीतकार मनोहर सिंह चौहान मधुकर ने अपनी सु मधुर आवाज में होली गीत सुना कर वाहवाही बटोरने के साथ ही प्रेम गीत सुनाया । श्री विजय कुमार जैन ने अपनी हंसी की फुलझडियां ओर पैरोडी गीत सुनाया तत्पश्चात श्री कारूलाल जमडा ने आदिवासीयों की पीड़ा कर रचना सुनाकर गोष्टी को नई ऊंचाई प्रदान की तो वही रमेश मनोहरा ने अपनी आदमी,राजनीति,समाज पर व्यंग क्षणिकाएं एवम दोहे सुनाएं। अध्यक्षता कर रहे वी वी कुलकर्णी ने होली पर अपने विचार रखे
तो कविताएं भी सुनाई।
इस अवसर पूर्व वरिष्ठ सांसद डां.लक्ष्मीनारायण पाण्डेय की जयन्ती पर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए गए।
इस गोष्ठी का सफल संचालन रमेश मनोहरा एवं आभार अमन सिसोदिया ने प्रकट किया।