नगरवासियों ने की भव्य अगुवानी, समाजजनों ने बनाई घर घर गहुली



पिपलौदा। गच्छाधिपति श्री नित्यसेन सुरीश्वरजी एवं साधु भगवंत का नगर में भव्य मंगल प्रवेश हुआ। श्री शंखेश्वर पार्श्वनाथ धाम दादावाड़ी से प्रातः 9 बजे भव्य चल समारोह निकला जो नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरा। 2019 में हुए ऐतिहासिक चातुर्मास के पश्चयात प्रथम नगर आगमन पर नगरवासियों ने गच्छाधिपति की भव्य अगुवानी की
निर्माणाधीन जिन मन्दिर का किया अवलोकन
गच्छाधिपति नित्यसेन सूरीश्वरजी, विद्वत रत्न विजय जी, अजित सेन विजय जी, निर्भय रत्न विजय जी ने जैन मन्दिर पहुचकर दादा आदि आदिनाथ भगवान के दर्शन कर झंडा चोक स्थित निर्माणाधीन जैन मंदिर स्थल का अवलोकन किया। चल समारोह में समाजजनों ने घर घर गहुली बनाई। समाजजनों के साथ ही विभिन्न धार्मिक, राजनीतिक व सामाजिक संस्थाओं ने गच्छाधिपति व मुनि भगवंत के दर्शन लाभ लिए तरुण परिषद द्वारा विभिन्न स्थानों पर शीतल जल की व्यवस्था की गई चल समारोह नगर भ्रमण कर पुनः दादावाड़ी पहुचा जहा गुरुदेव ने मंगलाचरण दिए।
संगठित रहे व दिमाग की बजाय दिल की सुने, तभी होगा उद्धार – मुनिराज
मुनिराज विद्वत रत्न विजय जी म.सा. ने कहा कि पद, पावर, परिवार,पैसा, सुख, सुविधा, सब मिल गया लेकिन मनुष्य को सुख नही मिला। क्योकि सुख तो परमात्मा के शासन में है और इसको प्राप्त करने के लिए हमे छल, कपट, मोह, माया व घमंड को त्यागना होगा तभी जीवन सुखमय बनेगा उन्होंने कहा कि समाज अगर संगठित रहेगा तो ही आगे बढ़ेगा नही तो समाज का कभी विकास नही हो सकता उन्होंने झाड़ू की व्याख्या करते हुए कहा कि जिस प्रकार एक झाड़ू पूरे घर का कचरा साफ करके घर को स्वच्छ व सुंदर बनाती है लेकिन जिस दिन वही झाड़ू बंधन से मुक्त हो जाती है तो स्वयं कचरा बन जाती है हमे अपने दिमाग की बजाय दिल की सुनना चाहिए क्योंकि दिमाग मे काफी उथल पुथल मची रहती है लेकिन दिल मे अपनो के प्रति स्नेह व प्रेम झलकता है।
यह रहे लाभार्थी परिवार
पूर्व वाटिका प्रचार सचिव प्रफुल जैन ने बताया की गच्छाधिपति को कांबली ओढ़ाने का लाभ समरथ मल, मनीष सुराणा परिवार, गुरु पूजा व दादा गुरुदेव को बग्गी में लेकर बैठने का लाभ बाबूलाल ऋषभ कुमार धींग परिवार, भगवान को लेकर बग्गी में बैठने का लाभ संजय कुमार, यश सुराणा परिवार ने लिया संचालन शिखर बोहरा ने किया। इस अवसर पर श्री संघ, वाटिका ट्रस्ट, परिषद परिवार आदि उपस्थित रहे।
विभिन्न संघ ने लिए दर्शन लाभ
चोमहेला, मक्सी, जोबट, रतलाम, हतनारा, इंदौर, सैलाना आदि श्री संघ प्रमुखों ने गच्छाधिपति व मुनि भगवन्तों के दर्शन लाभ लिए।