


रतलाम । अखिल भारतीय आयुर्वेद महासम्मेलन नई दिल्ली की जिला शाखा रतलाम द्वारा आयुर्वेद महासम्मेलन का 120 वां स्थापना दिवस गायत्री परिवार के सहयोग से मनाया गया। अखिल विश्व गायत्री परिवार द्वारा संचालित तथा नगर के 80 फीट रोड स्थित रसाहार केंद्र (ज्यूस सेंटर) पर भगवान धन्वंतरि की पूजा के साथ प्रारम्भ हुए चिकित्सा शिविर में 145 रोगियों के रक्तचाप और रक्त मधुमेह की जांच की जाकर परामर्श दिया गया।
आयुर्वेद चिकित्सा के क्षेत्र में कार्यरत इस संस्था के अध्यक्ष डॉ आईपी त्रिवेदी ने इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त करते हुए बताया कि यह संस्था 1907 से कार्य कर रही है तथा इसका उद्देश्य है कि इसके द्वारा आयुर्वेद के शिक्षण प्रशिक्षण प्रगति विस्तार से आयुर्वेद के विकास को जन-जन तक पहुँचाना और आमजन का स्वास्थ्य संरक्षण कर राष्ट्र को स्वस्थ बनाना है। वैद्य एच के सोनी ने बताया कि त्रिदोष नियंत्रित कर स्वस्थ रहा जा सकता है। आयुर्वेद पद्धति सस्ती तथा रोग को जड़ से समाप्त करती है। संस्था की स्थापना पंडित मदन मोहन मालवीय, गणेश नाथ, बृहस्पति देव त्रिगुणा, गोपी लाल चानना जैसे आयुर्वेद विशेषज्ञों ने की थी।
शिविर में सर्जिकल विशेषज्ञ डॉ वीएस चौहान साहब ने भी शिविर में अपनी सेवाएं दी। इस अवसर पर एच के सोनी, जगदीश उपाध्याय, आर एस सोनी का पुष्पहार से अभिनंदन किया गया। शिविर में डॉ डीसी राठौर, डॉ एम एस चौहान, डॉ दिलीप पंड्या, डॉ सुरेंद्र पुरोहित, डॉ निर्मला डांगी, डॉ भानुप्रताप सोनगरा, ज्योत्सना सालवी, मनोज बरमेचा तथा गायत्री परिवार के गोपाल सिंह तोमर, महेश गोयल, किशोर चौधरी उपस्थित थे। गायत्री परिवार के प्रमुख ट्रस्टी पातीराम शर्मा द्वारा उपस्थित वैद्यों का पुष्पहार से सम्मान कर आभार व्यक्त किया।
(अधिक जानकारी के लिए डॉ आईपी त्रिवेदी से 8839382965 सम्पर्क किया जा सकता है।)