
रतलाम । मध्य प्रदेश सरकार ने खरीफ सीजन से पहले किसानों को बड़ी राहत दी है। प्रदेश में अब किसान खेती के लिए केन या डिब्बे में डीजल ले सकेंगे। इस संबंध में शासन ने आदेश जारी कर दिए हैं। स्थानीय परिस्थितियों के आधार पर अंतिम निर्णय लेने का अधिकार जिला कलेक्टरों को दिया गया है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किसान हित को देखते हुए इस सुविधा को पुनः शुरू करने के निर्देश दिए। नए आदेश के तहत अब किसान अपनी आवश्यकता के अनुसार केन में डीजल ले सकेंगे। हालांकि दुरुपयोग रोकने के लिए कलेक्टर जिले की कानून-व्यवस्था और स्थानीय स्थिति को देखते हुए नियम तय करेंगे।
भाजपा किसान मोर्चा जिला अध्यक्ष रामसिंह सिसोदिया ने निर्णय का स्वागत किया। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किसान की समस्या को समझा और तुरंत समाधान किया। इसके लिए किसान मोर्चा की ओर से उनका बहुत-बहुत आभार।”
सिसोदिया ने किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष जयपाल सिंह चावड़ा का भी धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष ने किसान हित के इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया और शासन तक पहुंचाया, जिसके बाद यह सुविधा फिर से शुरू हो सकी।
किसानों को होगा फायदा
- खेत तक डीजल ले जाना आसान- दूरदराज के खेतों में काम करने वाले किसानों को बार-बार पंप तक नहीं जाना पड़ेगा।
- खरीफ की तैयारी में राहत- बुवाई से पहले ट्रैक्टर और पंप चलाने के लिए डीजल की व्यवस्था आसान होगी।
- समय की बचत- डीजल के लिए लंबी लाइन और भागदौड़ से छुटकारा मिलेगा।
जिला प्रशासन जल्द ही इस संबंध में विस्तृत गाइडलाइन जारी करेगा। उक्त जानकारी जिला मीडिया प्रभारी राकेश पाँचाल द्वारा दी गई !