
जावरा (अभय सुराणा) । जेएसजी सेंट्रल द्वारा जीव आहार योजना के अंतर्गत जीवदया सोसायटी खाचरोद रोड पर आकाश सँघवी,श्रद्धा शाह के जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में आंदिलालजी अरुण सँघवी परिवार के सौजन्य से गोशाला में संस्था के सदस्यों ने गोमाता को हरा चारा एवम पौष्टिक आहार प्रेमपूर्वक खिलाया।
इस अवसर पर जेएसजी सेंट्रल के अध्य्क्ष संजय सुराणा ने कहा कि भारतीय संस्कृति में गाय को केवल पशु नहीं, बल्कि ‘गोमाता’ का दर्जा दिया गया है। हमारी पुरानी मान्यता है कि 33 कोटि देवता गौमाता में निवास करते हैं और गौ-सेवा से समस्त देवी-देवताओं की कृपा प्राप्त होती है। गाय का दूध अमृत तुल्य है और इसका गोबर-गौमूत्र भी आयुर्वेद में औषधि माना गया है। शास्त्रों में भी कहा गया है गाय सम्पूर्ण विश्व की माता है। जेएसजी सेंट्रल के पूर्व अध्यक्ष एवम लाभार्थी अरुण सँघवी ने बताया कि जीवों के प्रति संवेदना ही मानवता की सबसे बड़ी पहचान है। मूक पशुओं की सेवा सच्ची ईश्वर भक्ति है। आज के इस समय में बेजुबान गायों को समय पर चारा-पानी मिलना कठिन हो जाता है। ऐसे में समाज के हर वर्ग का कर्तव्य है कि वे गौ-सेवा के लिए आगे आएं। इस कार्यक्रम में सबसे नन्हे मेहमान अतिशय ओरा जो 3 माह का है उसे भी प्रथम बार गोशाल में लाकर गोमाता पूजन कर उसने भी नन्हे हाथों से गोमाता को आहार करवाया कार्यक्रम में संस्था के सदस्यों ने गायों को दुलारते हुए चारा खिलाया और लाभार्थी परिवार का बहुमान किया गया
जेएसजी सेंट्रल ने नगरवासियों से भी अपील की कि वे अपने जन्मदिन, वर्षगांठ जैसे शुभ अवसरों पर गोशाला आकर गौ-सेवा अवश्य करें। क्योंकि जो जीवों पर दया करता है, ईश्वर उस पर दया करता है इस अवसर पर ललित जैन,अरविंद जैन,सुरेंद्र कोलन,महावीर डाँगी,विनोद लुनिया,सौरभ मेहता,नरेश मारवाड़ी,राकेश ठौरा,कांतिलाल बाफना,संगीता सँघवी,अनीता कोलन,इशिका ओरा आदि सदस्य उपस्थित थे उक्त जानकारी सचिव अमित चत्तर ने प्रदान की।