
रतलाम । “भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा से बच्चों के मन मस्तिष्क में श्रेष्ठता का भाव, भारतीय संस्कृति का ज्ञान एवं जीवन लक्ष्य निर्धारण हेतु प्रेरणा प्राप्त होती है। विद्यार्थियों को गौरवशाली भारतीय संस्कृति का परिचय होना चाहिए, इस हेतु यह परीक्षा उत्तम माध्यम है।” उपरोक्त उदगार भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा वर्ष 2025 का उत्कृष्ट सेवा सम्मान एवं पुरस्कार वितरण समारोह के मुख्य अतिथि रूप में उपस्थित शासकीय महाविद्यालय सैलाना के प्राचार्य आर सी पाटीदार द्वारा व्यक्त किए गए। गायत्री परिवार युवा प्रकोष्ठ के विवेक चौधरी ने जानकारी देते हुए बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा माँ गायत्री, पूज्य गुरुदेव एवं वंदनीया माताजी के चित्र पर माल्यार्पण कर, दीप प्रज्ज्वलन एवं देव पूजन कर किया गया। स्वागत उद्बोधन गायत्री परिवार के जिला समन्वयक दामोदर शर्मा द्वारा दिया गया।
रविवार को गायत्री शक्तिपीठ पर सम्पन्न हुए कार्यक्रम में इस परीक्षा की रूपरेखा एवं उद्देश्य की जानकारी श्रवण कुमार भावसार द्वारा दी गई। उन्होंने बताया कि जिले की पांच तहसीलों सैलाना, बाजना, रावटी, जावरा एवं रतलाम के 52 विद्यालयों में यह परीक्षा आयोजित की गई, जिसमें 2192 विद्यार्थी शामिल हुए। श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को नगद राशि से पुरुस्कृत किया गया। जिसमें जिला स्तर पर प्रथम, द्वितीय, तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को क्रमशः 700/-, 500/-, 400/-, रुपये की नकद राशि सहित “प्रमाण-पत्र, स्मृति-चिन्ह” प्रदान किया गया। वहीं तहसील स्तर पर अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थियों को भी प्रथम, द्वितीय, तृतीय स्थान प्राप्त करने वालों को क्रमशः 350/-, 250/-, 150/- की नकद राशि एवं प्रमाण-पत्र, स्मृति चिन्ह से सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के आयोजन में सहयोगी रहें शिक्षकों को उत्कृष्ट सेवा सम्मान पुरस्कार से सम्मानित किया गया। चयनित शिक्षकों को स्मृति चिन्ह एवं प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। कार्यक्रम के सारस्वत अतिथि राजापुरा माताजी स्कूल के प्राचार्य राजेन्द्र पुष्पद द्वारा आगामी परीक्षा में अधिकाधिक सहयोग देकर बच्चों को परीक्षा में बैठने के लिए प्रेरित करने का आश्वासन दिया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे गायत्री परिवार नगर ट्रस्ट के प्रमुख ट्रस्टी पातीराम शर्मा द्वारा गायत्री परिवार की गतिविधियों की जानकारी दी गई। आयोजन में लाला शंकर पाटीदार, प्रदीप गुप्ता, डॉ डीसी राठौर, गोपाल सिंह तोमर, हुकुमचंद भारद्वाज, गोपाल चौहान एवं विभिन्न संस्थाओं के शिक्षक एवं छात्र उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन एवं आभार प्रदर्शन जिला सहसमन्वयक डॉ आईपी त्रिवेदी द्वारा किया गया।