श्रेष्ठता का सम्मान हर मंच पर होना चाहिए – श्री राव

रतलाम 21 सितंबर। व्यक्ति की उत्कृष्ट सेवाएं हमेशा उसकी प्रतिष्ठा और सम्मान बढ़ाने के लिए प्रेरित करती है अपनी जिम्मेदारीया  और दायित्वों का सफलतम निर्वहन समाज और सरकार के लिए सम्मान का कारण बन जाता है । शिक्षिका उपाध्याय ने राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त कर क्षेत्र के शिक्षकों को अनुपम उपहार दिया है
उक्त विचार डॉ वेद प्रताप वैदिक विचार मंच द्वारा शिक्षिका शर्मिला उपाध्याय को राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त कर नगर लौटने पर आयोजित सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में साहित्यकार डॉ प्रदीप सिंह राव ने व्यक्त किये।
आपने कहा कि क्षेत्र के शिक्षक अपनी सेवाओं से सर्वत्र सम्मान और प्रशंसा बटोर रहे हैं कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए शिक्षक सांस्कृतिक मंच के अध्यक्ष दिनेश शर्मा ने कहा कि शिक्षक समाज का दर्पण होता है उसकी प्रत्येक गतिविधि उत्कृष्ट समाज का प्रतिबिंब है जहां हम रोज लापरवाही और व्यवस्था के शिकार शिक्षकों के अपमान की बात सुनते हैं वही शिक्षिका शर्मिला उपाध्याय ने अपने दायित्व और कर्तव्य से सैकड़ों बच्चों का भविष्य संवारने का कार्य किया है उनकी सेवाओं ने क्षेत्र के लोगों के साथ-साथ सरकार ने भी उन्हें सम्मान के योग्य माना है उक्त पुरस्कार उनकी उत्कृष्ट सेवाओं का प्रमाण है ऐसे शिक्षकों से पूरा शिक्षक समाज गौरवान्वित होता है।
राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त शिक्षिका शर्मिला उपाध्याय ने कहा कि मैंने हमेशा पाठशाला में आने वाले विद्यार्थियों के उत्कृष्ट भविष्य निर्माण का संकल्प लेकर अपनी सेवाएं प्रदान की है बच्चों को लक्ष्य निर्धारण कर शिक्षा के लिए प्रेरित करने का यह परिणाम है राज्यपाल पुरस्कार जो मुझे हमेशा बेहतर करने की प्रेरणा देता रहेगा।  कार्यक्रम में श्री श्याम सुंदर भाटी, श्रीमती राव रविंद्र उपाध्याय ने भी विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर मंच द्वारा उन्हें पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह देखकर सम्मानित किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *