संस्कृति, संत और तीर्थ हमें प्राणों से ज्यादा प्यारे हैं इनकी सुरक्षा के लिए सर्वस्व न्योछावर करने वाला ही धार्मिक है -राष्ट्र संत कमलमुनि कमलेश

परसाद दिगंबर जैन मंदिर 9 फरवरी 2022। जिन शासन की सुरक्षा में ही शांति का माहौल होने पर हम सब की साधना हो सकती है । उक्त विचार राष्ट्र संत कमलमुनि कमलेश ने संबोधित करते हुए कहा कि संस्कृति संत और तीर्थ हमें प्राणों से ज्यादा प्यारे हैं इनकी सुरक्षा के लिए सर्वस्व न्योछावर करने वाला ही धार्मिक है ।
उन्होंने कहा कि समय की मांग है मतभेदों से ऊपर उठकर संगठित होकर शासन पर होने वाले हमले की रक्षा के लिए आगे आए। मुनि कमलेश ने बताया कि असामाजिक तत्वों के खिलाफ मोर्चा खोलना होगा और उनके हौसले पस्त करने होंगे ।
दिगंबर आचार्य गौतम सागर जी और राष्ट्रसंत ने संयुक्त बयान में कहा कि संगठित नहीं हुए तो हमारा अस्तित्व खतरे में पड़ जाएगा । इतिहास कभी माफ नहीं करेगा लोकसभा में तृणमूल कांग्रेस के सांसद महुआ मोइत्रा को तत्काल बर्खास्त किया जाए कानून के तहत कड़ी कार्यवाही की जाए उसने संपूर्ण आध्यात्मिक संस्कृति के साथ खिलवाड़ किया है। अखिल भारतीय जैन दिवाकर विचार मंच नई दिल्ली शाखा राजस्थान के अध्यक्ष अनिल जारोली, महामंत्री दीपक भंडारी, जीवन जी सिरोया, नरेंद्र जी रामपुरिया ने कमलेश के मुनि कमलेश के जन्मदिन के उपलक्ष में ग्राम पंचायत बारापाल कर्मचारियों को शॉल ओढ़ाकर अभिनंदन किया। संगीता भंडारी महिला शाखा महामंत्री उदयपुर ने अभिनंदन किया