भीलवाड़ा से कई श्रावक-श्राविकाएं शाहपुरा पहुंचे दर्शन के लिए
भीलवाड़ा, 12 फरवरी (निलेश कांठेड़)। श्रमण संघीय सलाहकार भीष्म पितामह पूज्य सुमतिप्रकाशजी म.सा. के सुशिष्य आगममर्मज्ञ,प्रज्ञामहर्षि डॉ. समकितमुनिजी म.सा., प्रेरणाकुशल भवान्तमुनिजी म.सा. एवं गायनकुशल जयवंतमुनिजी म.सा. आदि ठाणा मंगलवार 14 फरवरी से एक बार फिर भीलवाड़ा शहर में होंगे। वर्ष 2022 का एतिहासिक चातुर्मास भीलवाड़ा शांतिभवन में करने वाले पूज्य समकितमुनिजी म.सा. सोमवार सुबह शाहपुरा से विहार कर करमड़ास पहुचेंगें। यहां कुछ घंटे विश्राम के बाद दोपहर में विहार कर बड़ा महुआ पहुचेेंगे। बड़ा महुआ में रात्रि विश्राम के बाद मंगलवार सुबह विहार कर खमेसरा फार्म हाउस पहुचेंगे। यहां कुछ देर प्रवास के बाद मुनिश्री विहार कर दोपहर में भीलवाड़ा विजयसिंह पथिकनगर स्थित शांतिलालजी सुराणा (सांगानेर वाले) के निवास शांति निकतेन पहुचेंगे। मंगलवार दोपहर से प्रवास यहीं रहेंगा। बुधवार 15 फरवरी सुबह आरसी व्यास कॉलोनी में महावीर हॉस्पिटल सर्किल के नजदीक 3-सी-7 कच्छारा निवास पर कुछ देर ठहरने के बाद भूपालगंज मुख्य डाकघर के सामने स्थित शांतिभवन के लिए विहार करेंगे। श्री वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ शांतिभवन के तत्वावधान में 15 एवं 16 फरवरी को सुबह 9 बजे से प्रवचन होंगे। इसी तरह 15 फरवरी की रात 8 से 9 बजे तक शांतिभवन में आदिनाथ भगवान के केवल ज्ञान दिवस की पूर्व संध्या पर सामूहिक नवकार मंत्र जाप का आयोजन भी होगा। उदयपुर होली चातुर्मास के लिए विहारयात्रा पर निकले पूज्य समकितमुनिजी म.सा. प्रेरणाकुशल भवान्तमुनिजी म.सा. एवं गायनकुशल जयवंतमुनिजी म.सा. आदि ठाणा रविवार को बच्छखेड़ा से विहार कर माताजी का खेड़ा होते हुए शाहपुरा पहुंच गए। शाहपुरा में उनका प्रवास रामनगर स्थित लाड़ स्वाध्याय भवन में रहा। यहां पहुंचने पर अनिल लोढ़ा सहित कई श्रावक-श्राविकाओं ने मुनिश्री के दर्शन कर धर्मलाभ प्राप्त किया। शाहपुरा में उनके दर्शनों के लिए भीलवाड़ा आदि स्थानों से कई श्रावक-श्राविकाएं पहुंचे। भीलवाड़ा शांतिभवन श्रीसंघ के पूर्व अध्यक्ष राजेन्द्र चीपड़, जैन कॉन्फ्रेंस जीवदया योजना की प्रान्तीय अध्यक्ष अंजू चपलोत, महावीर युवक मंडल सेवा संस्थान के मंत्री अनुराग नाहर, सुश्रावक महावीर कच्छारा, आनंद चपलोत,पुखराज धमाणी, जेपी आंचलिया, पीयूष खमेसरा आदि श्रावक-श्राविकाओं ने पूज्य समकितमुनिजी म.सा. आदि ठाणा के दर्शन कर धर्मलाभ एवं आशीर्वाद प्राप्त किया। तय कार्यक्रम के अनुसार मुनिश्री भीलवाड़ा शांतिभवन से 16 फरवरी दोपहर बाद चित्तौड़गढ़ की दिशा में विहार करेंगे। उनके 17 फरवरी को गंगरार होते हुए 18 फरवरी को सुबह चित्तौड़गढ़ के आजोलिया का खेड़ा औद्योगिक क्षेत्र पहुंचने की भावना है। यहां उनका पिस्ता मार्बल परिसर में प्रवचन होंगा। इसी दिन शाम को चंदेरिया क्षेत्र में प्रवास कर मुनिश्री के 19 फरवरी सुबह विहार कर चित्तौड़गढ़ शहर के खातरमहल में पहुंचने की भावना है। मुनिश्री के 20 फरवरी को चित्तौड़गढ़ सेंती क्षेत्र से होते हुए उदयपुर की दिशा में विहार करने की भावना है। पूज्य समकितमुनिजी म.सा. आदि ठाणा होली चातुर्मास के लिए उदयपुर प्रवेश 26 फरवरी को संभावित है। होली चातुर्मास उदयपुर के श्रीवर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संस्थान हिरणमगरी सेक्टर-4 में होगा। उदयपुर होली चातुर्मास के बाद मुनिश्री नासिक की ओर विहार करेंगे जहां उनके सानिध्य में 23 अप्रेल को अक्षय तृतीया पर वर्षीतप पारणा महोत्सव होंगा। उनका वर्ष 2023 का चातुर्मास पूना के आदिनाथ जैन स्थानक भवन के लिए घोषित हो चुका है जहां चातुर्मासिक मंगलप्रवेश 25 जून को होगा।