विश्व के सभी धर्मों का मूल ही रहम और दया है- राष्ट्र संत कमलमुनि कमलेश

इंदौर महावीर भवन 30 मई 2023 । फिरोजाबाद में मुस्लिम बंधुओं द्वारा बकरा ईद पर पशुओं कीकुर्बानी का बहिष्कार करते हुए गौ सेवा के रूप में मनाई उसका अभिनंदन करते हुए राष्ट्र संत कमलमुनि कमलेश ने कहा कि जहां रहम हैं वहां रहमान है विश्व के सभी धर्मों का मूल ही रहम और दया है।
उन्होंने फिरोजाबाद के मुस्लिम नेता हसन कादरी के बयान का भी जिक्र करते कहा कि उन्होंने कहा कि हम मांस खाएंगे नहीं और खिलाएंगे भी नहीं हमारे अंदर रही हुई क्रोध लोभ अहंकार और बुराइयों का त्याग करना ही सच्ची कुर्बानी है अल्लाह इसी से मेहरबान होगा। मुनि कमलेश ने बताया कि पर्यावरण में सभी प्राणियों का योगदान ऑक्सीजन से महत्वपूर्ण है किसी प्राणी को मारना पर्यावरण कानून का कत्ल करने के समान है। राष्ट्र संत कहां की तुर्की जैसे देश में भी शाकाहार क्रांति आ रही है मुस्लिम बंधुओं में भी विगन और रुझान बढ़ रहा है शाकाहार स्वास्थ्य के लिए अमृत के समान है।
जैन संत ने बताया कि हर धर्म प्रेम और सद्भाव और भाईचारे का संदेश देता है देश का इसमें विश्वास नहीं भाई हिंदू और मुस्लिम तो क्या वह इंसान कहलाने काअधिकारी नहीं ।
अखिल भारतीय जैन दिवाकर विचार मंच नई दिल्ली के तत्वाधान में राष्ट्रीय मुस्लिम अहिंसा मंच के कार्यकर्ता नशा मुक्ति पर्यावरण राष्ट्रीय एकता मुनि कमलेश के नेतृत्व में पूरे देश में सैकड़ों की संख्या में काम कर रहे हैं 1 जुलाई गुरु पूर्णिमा के पूर्व संध्या इंदौर में जितने धार्मिक पाठशाला संचालित थे उनके अध्यापकों का सम्मान समारोहप्रातः 9:00 महावीर भवन मैं मुनि कमलेश के सानिध्य में जा रहा है अखिल भारतीय जैन दिवाकर विचार मंच नई दिल्ली के संरक्षक अशोक मेहता ने प्रदान की ।