गोशाला में गो सेवा कर पक्षियों के लिए सकोरे वितरित किए

रतलाम । सनातन संस्कृति में गौ माता को 33 करोड़ देवी-देवताओं का निवास कहा गया है गौ माता की सेवा समस्त देवताओं की पूजा के समान है । पुण्य कर्म और आत्मीय शांति के लिए कलयुग में सर्वोत्तम सेवा कार्य है।
उपरोक्त विचार लायंस क्लब रतलाम क्लासिक द्वारा गौशाला रोड स्थित गोपाल गोशाला में गो सेवा करते हुए अध्यक्ष एम.के.जैन ने व्यक्त किए। आपने कहा कि समाजसेवी संस्थाओं को गौशाला की देखरेख और गौमाता के खानपान की उचित व्यवस्था करनी चाहिए  विशेष कर ग्रीष्म ऋतु में । स्वच्छ जल और हवा आदि की व्यवस्था में अपना सहयोग करना चाहिए । डिस्ट्रिक पीआरओ दिनेश शर्मा ने कहा कि गौ सेवा के साथ-साथ पक्षियों को दाने और पानी के लिए सकोरे रखना बहुत जरूरी है। ग्रीष्म ऋतु का प्रकोप बहुत जल्दी बढ गया है । अत: घर की छतों पर पक्षियों के लिए दाने तथा पानी के लिए सकोरे अनिवार्य रूप से रखना चाहिए ताकि पक्षियों को ग्रीष्म ऋतु से राहत दिलाई जा सके ।
श्री संदीप निगम ने कहा कि क्लब द्वारा करीब 100 सकोरे का वितरण आज गौशाला में किया गया । आसपास के लोगों को पक्षियों के जल वितरण प्रबंधन की उचित सलाह दी गई । सुरेश कटारिया ने कहा की ग्रीष्म ऋतु में पशु पक्षियों की सेवा करना बड़ा धर्म का काम है । कार्यक्रम में सचिव प्रशांत व्यास,  कोषाध्यक्ष जगदीश सोनी, पूर्व अध्यक्ष निमिष व्यास, बी.के.जोशी, राजेश डोरिया, दिलीप वर्मा, मनीष जोशी आदि उपस्थित थे ।

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