आज का मुनिजागरण सम्मेलन बहुत ही सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। अतिसम्मानीय रविन्द्र जी पत्रकार साहब ओर अतिआदरणीय रेखा दीदी को इस बहुत सफल आयोजन के लिए बहुत बहुत साधुवाद शुभकामनाएं बधाई । आज के *कार्यक्रम में जरा भी नीरसता नही थी ओर इतने सालों के बड़े और छोटे कार्यक्रमो में आज पहली बार किसी भी पंथ वाद ओर सन्त वाद का स्वरूप नही था बस समग्र जैन समाज एक नजर आ रहा था ।
लगभग संचालनकर्ता के साथ साथ सभी उद्धबोधनकर्ता आचार्य भगवन सन्त शिरोमणि विधासागर जी महाराज की जय के बाद पूज्य आचार्य वर्धमान सागर जी, आचार्य विराग सागर जी, आचार्य विशुद्ध सागर जी, आचार्य पुष्पदंत सागर जी, आचार्य सुबल सागर जी, आचार्य देवनन्दजी सागर जी, आचार्य प्रसन्न सागर जी, आचार्य पुलक सागर जी, गणिनी आर्यिका ज्ञानमती माता जी एवं अन्य सभी साधुसंतो आचार्यो मुनिराजों आर्यिका माता की जय बोल रहे थे जो कि शायद पहली ही बार देखने को ओर सुनने को मिला है।
अब जो भी समिति राष्ट्रीय लेबल पर बनी है उनसे यही निवेदन है कि समिति के कार्यो ओर मान सम्मान में अब किसी भी सन्त ओर पंथ में भेद भाव नही रखे सबका सम्मान बरकरार रखे ओर देश मे विराजित सभी साधुसंत एक दूसरे संघ के साधुओं का भी सम्मान करें और किसी को भी शितलाचारी ओर भृष्ट साधु नही बोले सभी के लिए अच्छा बोले ओर यह एकता सदा बनी रहे ।