श्राद्ध पक्ष मैं दिव्यांग का अंतिम संस्कार

रतलाम। अपने पूर्वजों, अपने पितरों के प्रति श्रद्धा को व्यक्त करने की क्रिया का नाम ही “श्राद्ध” है। हमारे पूर्वज, अपने माता-पिता में, अपने बडों में अथवा पारिवारिक जनों में इतनी श्रद्धा रखते थे कि उनके मरने के बाद भी उनकी स्मृति और सम्मान में यथायोग्य दान-पुण्य, भोजन ( पंचबलि किया करते थे ) सत्कर्म किया करते थे। अपने पितरों के प्रति यही श्रद्धांजलि के रूप में अंतिम संस्कार मुंबई निवासी श्रीमती तृप्ति संजीव काबरा ने अपने स्वर्गीय ससुर मोहनलाल जी काबरा की स्मृति में राशि प्रदान कर पुनीत कार्य में काकानी सोशल वेलफेयर फाउंडेशन के सहयोग से करवाने में आर्थिक सहायता प्रदान की।
आज से 6 दिन पूर्व लोकेंद्र टॉकीज चौराहे पर दिव्यांग के मृत्यु होने की सूचना क्षेत्रीयसे रहवासियों ने समाज सेवी गोविंद काकानी को प्रदान की| तत्काल दो बत्ती थाने के माध्यम से उक्त 50 वर्षीय दिव्यांग को डॉ लक्ष्मी नारायण पांडे मेडिकल कॉलेज शव ग्रह में सुरक्षित रखवा दिया| लगातार खोजबीन के बाद भी परिजन नहीं मिले और क्षेत्रीय लोगों से प्राप्त जानकारी में यह आया कि उक्त व्यक्ति वर्षों से क्षेत्र में मांग कर अपना जीवन गुर्जर बसर कर रहा था।
आज श्राद्ध पक्ष में उसका अंतिम संस्कार जवाहर नगर शमशान पर सहायक उप निरीक्षक मानालाल दसोरिया थाना दो बत्ती के उपस्थिति में विधि विधान से मंत्र उपचार के साथ काकानी सोशल वेलफेयर फाउंडेशन के सचिव गोविंद काकानी द्वारा किया गया| जिला प्रशासन, रोगी कल्याण समिति, पुलिस प्रशासन, समन्वय परिवार, प्रभु प्रेमी संघ ,काकानी सोशल वेलफेयर फाउंडेशन के सभी सदस्यों की ओर से पुण्य आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की गई|