जीव दया सिर्फ व्यवहार नहीं यह एक भाव है जो हृदय को पवित्र बनाता है -खुशबू वरुण दंड

दया का मार्ग ही मुक्ति का मार्ग है- अभय सुराणा

जावरा (अनमोल सुराणा) । जो व्यक्ति दूसरों के प्रति संवेदना रख सके वही सच्चे अर्थों में मनुष्य कहलाता है, जीव दया का शाब्दिक अर्थ जीवो के प्रति दया करुणा और संवेदनशीलता, उक्त विचार मुंबई से आई श्रीमती खुशबू वरुण दंड ने श्री श्वेतांबर जैन वरिष्ठ सेवा समिति द्वारा निरंतर चलाई जा रही जीव दया योजना के अंतर्गत निरंतर रूप सेकी जा रही जीव दया सोसाइटी जावरा पर गौ माता का स्वामी वात्सल्य के अवसर पर कहीं खुशबू ने कहा कि जीव दया सिर्फ व्यवहार नहीं एक भाव है जो हृदय को पवित्र बनाता है इसके साथ ही आज मुझे यहां आकर जो प्रसन्नता अनुभव हुई है उसकी कोई सीमा नहीं है भविष्य में जब भी जावरा आऊंगी आपकी जीव दया योजना में सहभागिता करने का अवसर को कभी भी नहीं छोडूंगी इस अवसर पर संस्था के अध्यक्ष अभय सुराणा ने कहा कि संस्था द्वारा सभी के सहयोग से निरंतर चलाई जा रही इस योजना में सर्दी के मौसम में अब गौ माता को निरंतर गोग्रास एवं सब्जियों के अलावा गुड़ अच्छा और पोस्टिक आहार भी प्रदान किया जाएगा।
इस अवसर पर लाभार्थी परिवार खुशबू का स्वागत श्रीमती रेखा सुराणा श्रीमती प्रविशा ने मोतियों की माला एवं शाल ओढ़ाकर सम्मान किया गया वह उपस्थित सदस्य हेमंत जैन एवं महेंद्र कोलन का जन्मदिन भी मनाया गया स्वागत कर शुभकामनाएं प्रदान की गई।कार्यक्रम का संचालन उपाध्यक्ष पुखराज पटवा ने किया तथा आभार प्रदर्शन वर्षगांठ समिति संयोजक प्रदीप सेठिया ने माना। स्वागत सचिव राजकुमार हरण जन्मदिन समिति संयोजक नेमीचंद जैन एवं सहसंयोजक राजेंद्र कोचर ने किया इस अवसर पर गौ माता को गो ग्रास के साथ ही गुड़ सब्जियां कबूतरों के लिए अनाज एवं कुत्तों के लिए बिस्कुट खीलाये गए।

इस अवसर पर इनकी रही सक्रिय सहभागिता

प्रकाशचंद संघवी राजकुमार हरण सुभाष डूंगरवाल शेखर नाहर अनिल धारीवाल अशोक झामर प्रकाश चंद पामेचा शांतिलाल डांगी संजय सुराणा अनिल धारीवाल राजेंद्र कोचर हेमंत जैन महेंद्र कोलन पुखराज पटवा अभय सुराणा ऋषभ छाजेड़ आदि कई सदस्य उपस्थित थे। इसके साथ ही मास्टर अयांश सुराणा प्रचेत दंड अनाया मयंक पटवा अव्यान सुराणा प्रवया जैन की उपस्थिति भी रही।