ऑपरेशन मुस्कान की बड़ी सफलता : थाना औद्योगिक क्षेत्र रतलाम पुलिस को 14 वर्ष पूर्व अपहृत नाबालिक बालिका को दस्तियाब करने में मिली सफलता

रतलाम । पुलिस अधीक्षक रतलाम श्री अमित कुमार के निर्देशन में ऑपरेशन मुस्कान अभियान के तहत गुम एवं अपहृत बालक-बालिकाओं की खोज के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में थाना औद्योगिक क्षेत्र रतलाम द्वारा वर्ष 2011 में दर्ज एक महत्वपूर्ण गुमशुदगी प्रकरण में उल्लेखनीय सफलता अर्जित की गई है।

प्रकरण का विवरण

थाना औद्योगिक क्षेत्र रतलाम में वर्ष 2011 में गुमशुदगी दर्ज हुई थी, जिसमें सूचनाकर्ता की 16 वर्षीय नाबालिग पुत्री 16.12.2011 की शाम से लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
पीड़ित पिता के अनुसार, बालिका प्रतिदिन की तरह ट्यूशन जाने का कहकर घर से निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। परिजनों ने रिश्तेदारों एवं परिचितों के यहां तलाश की, परंतु कोई पता नहीं चला। थाना औद्योगिक क्षेत्र रतलाम पर गुमशुदगी दर्ज कर तलाश की गई। पुलिस द्वारा अथक प्रयासों के बाद भी बालिका का पता नहीं चला। माननीय उच्चतम न्यायालय के निर्देशानुसार 2013 में यह स्पष्ट किया गया था कि जिस प्रकरण में गुमशुदा बालिका नाबालिक हो, तो अपहरण का मामला पंजीबद्ध कर विवेचना की जाएगी। इसी निर्देश के आधार पर इस प्रकरण में धारा 363 के तहत अपराध दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा था। लंबे समय तक कोई सफलता न मिलने पर पुलिस अधीक्षक रतलाम द्वारा ₹10,000 के पुरस्कार की उद्घोषणा भी की गई थी।

पुलिस कार्यवाही का विवरण

पुलिस अधीक्षक रतलाम श्री अमित कुमार के निर्देशन में ऑपरेशन मुस्कान के तहत वर्षों पुराने लंबित प्रकरणों की पुनः समीक्षा की गई l अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रतलाम शहर श्री राकेश खाखा एवं नगर पुलिस अधीक्षक रतलाम श्री सत्येंद्र घनघोरिया के मार्गदर्शन तथा थाना प्रभारी निरीक्षक सत्येंद्र रघुवंशी के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने सायबर सेल की तकनीकी सहायता, मुखबिर सूचना तंत्र पुराने रिकॉर्ड का विश्लेषण करते हुए लगातार पतारसी की। विशेष प्रयासों से टीम ने नाबालिक बालिका को आरोपी विमल पिता प्रदीप कुमार पसाया (उम्र 30 वर्ष), निवासी गांधीनगर, रतलाम, हाल मुकाम मयूर नगर, मूसाखेड़ी, इंदौर के कब्जे से दस्तयाब किया। जांच में सामने आया कि बालिका एवं आरोपी पहले गुजरात, राजकोट में रह रहे थे। बाद में आरोपी अपने रिश्तेदार के यहां मूसाखेड़ी, इंदौर में ठहरा हुआ था। पुलिस टीम की निरंतर निगरानी और रणनीतिक कार्रवाई से यह महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई।

गिरफ्तार आरोपी– विमल पिता प्रदीप कुमार पसाया (उम्र 30 वर्ष), निवासी गांधीनगर, रतलाम, हाल मुकाम मयूर नगर, मूसाखेड़ी, इंदौर को गिरफ्तार कर अपहर्ता को दस्तियाब किया गया ।

सराहनीय भूमिका

इस उल्लेखनीय सफलता में निम्न अधिकारी/कर्मचारियों की भूमिका अत्यंत सराहनीय रही— निरीक्षक सत्येंद्र रघुवंशी, निरीक्षक अमित कोरी, सउनि विनोद कटारा, प्रआर धीरज गावड़े, आर रवि चंदेल, आर अभिषेक पाठक, मा.आर रीना मकवाना, आर अर्जुन खीची, आर महेंद्र, आर विपुल भावसार(सायबर सेल), आर मयंक व्यास (सायबर सेल)की सराहनीय भूमिका रही।