





रतलाम 24 जनवरी। आज 24 जनवरी को राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर जिला स्तरीय सम्मान कार्यक्रम का आयोजन गुलाब चक्कर पर किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पद्मश्री डॉ लीला जोशी उपस्थित रही एवं विशिष्ट उपलब्धि प्राप्त करने वाली बालिका तनिष्क कुंवर सोलंकी को विशिष्ट अतिथि बनाया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया। कार्यक्रम की रूपरेखा सहायक संचालक श्रीमती भारती डांगी द्वारा दी गई।
मुख्य अतिथि पद्मश्री डॉ लीला जोशी ने अपने उद्बोधन में बालिकाओं एवं उपस्थित महिलाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि अपने लक्ष्य को अर्जुन की तरह साध कर उपलब्धि हासिल करें, जिस प्रकार अर्जुन ने सिर्फ अपना लक्ष्य देखकर उपलब्धि हासिल की इस तरह आप भी प्रत्येक काम को सफलतापूर्वक करके उपलब्धि हासिल कर सकते हैं। डॉ जोशी ने अपनी माता की कहानी बताते हुए कहा कि उनकी माता ने किस प्रकार उनके जन्म के पूर्व ही यह निश्चित कर लिया था कि वे डॉक्टर बनेगी, क्योकि तत्समय महिलाएं स्वास्थ्यगत कारणों से काल के गाल में समा जाया करती थी। कार्यक्रम की विशिष्ट अतिथि बनी तनिष कुंवर सोलंकी ने बालिकाओं को किसी भी अनहोनी से बचने के लिए एक सेफ्टी डिवाइस बनाया है जो कि कोई भी घटना घटित होने पर माता-पिता तक 10 सेकंड में बालिका की जानकारी एवं संबंधित घटना का ऑडियो रिकॉर्ड करके जानकारी पहुंचा सकता है। उक्त सेफ्टी डिवाइस के लिए बालिका को भारत मंडपम दिल्ली में भी आमंत्रित किया गया है।
अतिथियों के उद्बोधन के पश्चात रतलाम जिले की कक्षा दसवीं एवं कक्षा बारहवीं की राज्य एवं जिले स्तर की मेरिट सूची में स्थान प्राप्त करने वाली बालिकाओं का सम्मान किया गया एवं खेलकूद में राष्ट्रीय स्तर एवं राज्य स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली बालिकाओं को भी सम्मानित किया गया। साथ ही एकल बालिका वाले माता-पिता जिनकी केवल एक ही बेटी है ऐसे परिवारों को भी सम्मान पत्र दिया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग की कार्यकर्ताओं एवं पर्यवेक्षकों को भी विभागीय योजनाओं में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत माताओं एवं बालिकाओं ने अपने विचार साझा किए, एक बालिका ने मैं शून्य पर सवार हूं एक कविता पाठ भी किया जिससे कि सभी बालिकाओं को आगे बढ़ने की प्रेरणा मिली। कार्यक्रम का संचालन पर्यवेक्षक श्रीमती ज्योति सोनी के द्वारा किया गया एवं आभार प्रदर्शन जिला समन्वयक श्री सुनील सेन के द्वारा किया गया। कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से भी निशुल्क विधिक सेवा के संबंध में जानकारी दी गई। कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग की कार्यकर्ता एवं सेक्टर पर्यवेक्षक एवं परियोजना अधिकारी श्रीमती चेतना गहलोत एवं श्रीमती अर्चना माहोर उपस्थित थी।