भूतेड़ा से जोयो तिराहे के बीच प्रस्तावित ओवरब्रिज कैंसल होने की मांगी थी मन्नत


जावरा (अभय सुराणा)। जावरा से उज्जैन के बीच बनने वाले फोरलेन सड़क के तहत भूतेड़ा से महू-नीमच रोड जोयो होटल तक प्रस्तावित ओवरब्रिज के निरस्त होने पर जावरा निवासी प्रवीण मेहता ने सपत्नीक राजस्थान में स्थित जैन तीर्थ स्थल नाकोडा भेरूजी तक पैदल यात्रा करने का प्रण लिया था। चूंकि शासन स्तर से भूतेड़ा से जोयो तिराहा तक फोरलेन सड़क के साथ ही ओवरब्रिज कैंसल हो चुका है।
अपनी पैदल यात्रा पूर्ण होने के बाद प्रवीण मेहता ने बताया कि उक्त क्षेत्र में ओवरब्रिज निर्माण को लेकर किसी ने दावा किया था कि यह प्रदेश सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट है और यह कैंसल नहीं होगा। तब मैंने प्रस्तावित ओवरब्रिज से प्रभावित होने वाले लोगों के हित में नाकोडाजी से कामना की थी कि यह निरस्त हो गया तो वे अपनी अर्धांगनी के साथ दादा के दरबार में पैदल पहुंचकर हाजिरी लगाएंगे। जावरा से करीबन 550 किलोमीटर लंबी अपनी इस यात्रा के बारे में उन्होंने बताया कि नाकोडा पार्श्वनाथ जी की कृपा से उनकी पैदल यात्रा अच्छे से पूरी हो गई। यूं तो चंद किलोमीटर पग-पग चलना ही भारी लगता है। लेकिन नाकोडा भेरुजी का स्मरण करते हुए चलते रहो तो सफर आसान हो जाता है। यात्रा का अनुभव साझा करते हुए प्रवीण मेहता ने कहा कि सफर के दौरान ठहरने, भोजन, नहाने की कोई परेशानी नहीं हुई।
उल्लेखनीय है कि जावरा के सोमवारिया निवासी प्रवीण मेहता ने अपनी धर्मपत्नी सीमा मेहता के संग फरवरी महीने की 23 तारीख को जावरा से पैदल सफर शुरू किया था। जो गुरुवार 12 मार्च को नाकोडाजी पहुँचकर सम्पन्न हुआ। इस दौरान दोनों पति-पत्नी लगभग 35 से 40 किलोमीटर प्रतिदिन पांव-पांव चलते रहे। नाकोड़ा जी के दरबार में जावरा से भी उनके परिवारजन व मित्र मंडली इस यात्रा के अंतिम छोर पर साक्षी बने।
सभी ने दादा के दरबार में हाजिरी लगाई और मेहता दंपति की इस संकल्प की प्रशंसा करते हुए उनका अभिनंदन किया।