परम पूज्य पन्यास प्रवर श्री यशोजित विजय जी म. सा. आदि ठाणा पांच का रतलाम में भव्य नगर प्रवेश हुआ

रतलाम 20 मार्च । परम पूज्य गच्छाधिपति आचार्यदेव श्रीमद् विजय रामचंद्र सुरीश्वर जी महाराज के आज्ञानुवर्ती परम पूज्य पन्यास प्रवर श्री यशोजित विजय जी म. सा. आदि ठाणा पांच का रतलाम में भव्य नगर प्रवेश हुआ। उपरोक्त जानकारी देते हुए आराधना भवन जैन श्रीसंघ के प्रमुख हिम्मत गेलड़ा ने बताया कि पूज्य पन्यास प्रवर श्री यशोजीत विजय जी म. सा. आदि ठाणा पांच अहमदाबाद से उग्र विहार करते हुए रतलाम आराधना भवन श्रीसंघ में दि. 25 मार्च से प्रारंभ होने वाली शाश्वती ओली में निश्रा प्रदान करने हेतु विशेष रूप से पधारे हैं। जिससे आराधना भवन श्री संघ में अपार हर्ष एवं उत्साह है। प्रातः 8:30 बजे से ही सैकड़ों की संख्या में श्रावक श्राविकाएं मोती पूज्यजी मंदिर पर पहुंचना प्रारंभ हो गए। जहां पूज्य गुरुदेव की भव्य अगवानी संघ के वरिष्ठ जनों ने की। बाद में आपकी निश्रा में भव्य प्रवेश वरघोड़ा प्रारंभ हुआ। आगे आगे धर्म पताका लहरा रही थी, उसके पीछे आराधना भवन सुबुद्धि महिला मंडल, सम्यक बहू मंडल, कल्पतरु महिला मंडल की श्राविकाएं सुंदर वस्त्रों में सिर पर कलश लिए चल रही थी। परम पूज्य गच्छाधिपति आचार्य देव श्रीमद् विजय रामचंद्र सुरीश्वरजी की तस्वीर सुसज्जित बग्घी में शोभायमान थी।
पीछे सुमधुर संगीतमय बैंड के भक्ति भजन चल रहे थे। वरघोड़ा मोतीपूज्य मंदिर से चौमुखी पुल, घास बाजार,माणक चौक, गणेश देवरी, बजाजखाना, चांदनी चौक होते हुए आराधना भवन महिला उपाश्रय पहुंचकर धर्म सभा में परिवर्तित हो गया। यहां गहुली मंडल द्वारा सुंदर गहुली के साथ विधिवत पूज्य गुरुदेव की अगवानी की गई। रास्ते में जगह-जगह गहुली की गई एवं युवजन द्वारा गुरुजी हमारो अंतर्नाद हमने आपो आशीर्वाद के नारे लगते रहे। वरघोड़ा सफल बनाने में आराधना भवन श्रीसंघ कार्यकारिणी समिति, आराधना भवन सेवा समिति व चंद्रवीर परिवार का विशेष सहयोग रहा। वरघोड़ा में संघ के वरिष्ठ विनोद मूणत,राजेश गांधी, राजीव गांधी, अमित जैन, योगेश जैन, आयुष जैन,अशोक लुनिया, पप्पू मुंबई वाला, राकेश सकलेचा, पारस गुगलिया, संजय भंडारी, जितेंद्र लुनिया आशीष लुनिया, मुकेश गांधी, जयंतीलाल कटारिया, विजय मेहता, मुन्नालाल सकलेचा, अरुण धामनोद वाला, सुरेंद्र भरगट, श्रेणिक जैन, अजीत लुनिया, सौभाग्यमल तलेरा, अमित कोठारी, विनोद पितलिया,मनीष पटवा, विपिन पिपलिया, रवि कटारिया, विनीत गांधी, अभिनव गेलड़ा, अविजित सुराणा,अभय सुराणा,हेमंत गेलड़ा,पप्पू भाई गांधी, मांगीलाल जगावत, मुकेश बंबई वाला, शैलेन्द्र कोठारी, सुरेश बरमेचा, दिलीप पोरवाल, महावीर मेहता, महावीर जगावत, सचिन मूणत, मोहित कटारिया, सौम्य कटारिया, भव्य मोदी, कीर्ति दख, नमन भंडारी, अमित भटेवरा, सुमित भटेवरा, नरेंद्र बनवट आदि बड़ी संख्या में श्रावकों की उपस्थिति रही।
इस अवसर धर्म सभा को संबोधित करते हुए पूज्य पन्यास प्रवर यशोजित विजय जी महाराज ने फरमाया कि हमें भी भगवान बनना है, वह भगवान बनने का रास्ता समझाया। भगवान कर्म रहित थे एवं हम भी मनुष्य के रूप में भगवान है, लेकिन कर्म से बंधे हुए हैं। कर्म रहित बनने के लिए जिन आज्ञा पालन करने की जिज्ञासा एवं तदनुसार अनुसरण कर अपने आध्यात्मिक भावों को जागृत करना है, जिससे सम्यक दर्शन की प्राप्ति हो सके। पूज्य गुरुदेव के प्रतिदिन प्रवचन सुबह 9:15 से 10:30 आराधना भवन श्राविका उपाश्रय में होंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *