- “विद्या व सेवा का संगम है डॉ. मेहता का व्यक्तित्व”—अभय सुराणा
- “ऐसी प्रतिभाएं समाज की अमूल्य धरोहर”—राजकुमार हरण

जावरा (नि. प्र.)। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर डी. लिट्. (मानद) उपाधि से सम्मानित होने पर शासकीय महाविद्यालय कालूखेड़ा के वाणिज्य विभाग के पूर्व प्रोफेसर डॉ. सी.एम. मेहता का श्री श्वेतांबर जैन वरिष्ठ सेवा समिति, जावरा एवं अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार सुरक्षा संगठन द्वारा संयुक्त रूप से उनका अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम में डॉ. मेहता का शाल, श्रीफल एवं मोतियों की माला एवं पगड़ी पहनाकर आत्मीय बहुमान किया गया। इस अवसर पर वरिष्ठ सेवा समिति के अध्यक्ष अभय सुराणा ने कहा कि डॉ. मेहता ने शिक्षा, संस्कार और सेवा के माध्यम से समाज को नई दिशा दी है। वहीं अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार सुरक्षा संगठन के जिला अध्यक्ष राजकुमार हरण ने उनके कार्यों को मानवता के मूल्यों को सशक्त करने वाला बताते हुए कहा कि ऐसी विभूतियां समाज की सच्ची धरोहर होती हैं।
उल्लेखनीय है कि डॉ. मेहता को मध्य अमेरिका विश्वविद्यालय, बोलिविया के उपराष्ट्रपति एवं कुलपति डॉ. अलवारो गार्सिया लिनेरा द्वारा उच्च शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान हेतु डी. लिट्. की मानद उपाधि प्रदान की गई है। यह सम्मान उन्हें शोध, पुस्तक लेखन तथा जरूरतमंद विद्यार्थियों की आर्थिक सहायता जैसे उल्लेखनीय कार्यों के लिए मिला है।
अब तक उनकी 27 पुस्तकों का प्रकाशन हो चुका है तथा 31 शोध पत्र अंतरराष्ट्रीय जर्नल्स में प्रकाशित हो चुके हैं। पूर्व में भी उन्हें भारत के राष्ट्रपति द्वारा जनगणना पदक, हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल द्वारा आईटी अवार्ड तथा उत्तरप्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री द्वारा श्रेष्ठ शिक्षाविद सम्मान से नवाजा जा चुका है।
इस अवसर पर अभय सुराणा, राजकुमार हरण शेखर नाहर आनंदीलाल संघवी कनकमल चोरड़िया ऋषभ छाजेड़, सरदारमल जैन आदि उपस्थित रहे जिन्होंने डॉ. मेहता की इस अंतरराष्ट्रीय उपलब्धि को जावरा क्षेत्र के लिए गौरव का विषय बताते हुए उन्हें शुभकामनाएं प्रेषित कीं।