
जावरा (अभय सुराणा)। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा लाडली बहना योजना के अंतर्गत प्रदेश की एक करोड़ 25 लाख महिलाओं के खातों में 1825 करोड़ रुपए से अधिक की राशि अंतरित किए जाने पर पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष एवं भाजपा नेता अनिल दसेड़ा ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आभार व्यक्त करते हुए उन्हें संवेदनशील और जनहितैषी मुख्यमंत्री बताया।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री मोहन यादव प्रदेश के विकास और जनकल्याण के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं तथा महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। लाडली बहना योजना ने प्रदेश की लाखों महिलाओं को आर्थिक मजबूती प्रदान करने का कार्य किया है, जिसके लिए सरकार और मुख्यमंत्री बधाई के पात्र हैं।
इसके साथ ही अनिल दसेड़ा ने मुख्यमंत्री से मांग करते हुए कहा कि लाडली बहना योजना की तर्ज पर प्रदेश में निवासरत विधवा, विकलांग एवं वृद्ध महिलाओं की मासिक पेंशन राशि भी बढ़ाई जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान में इन वर्गों की महिलाओं को मात्र 600 रुपए प्रतिमाह पेंशन दी जा रही है, जो बढ़ती महंगाई के दौर में बेहद कम है और “ऊंट के मुंह में जीरा” के समान साबित हो रही है।
उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में विधवा पेंशन, विकलांग पेंशन और वृद्धावस्था पेंशन की राशि देश के कई राज्यों की तुलना में काफी कम है। पड़ोसी राज्यों गुजरात, महाराष्ट्र और राजस्थान में इन वर्गों को 1000 रुपए से अधिक मासिक सहायता दी जा रही है, जबकि मध्यप्रदेश में अब भी केवल 600 रुपए पेंशन मिल रही है।
दसेड़ा ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रदेश के सभी सांसदों एवं भाजपा विधायकों से आग्रह किया कि इस महत्वपूर्ण विषय पर संवेदनशीलता से विचार करते हुए विधवा, विकलांग और वृद्ध महिलाओं की मासिक पेंशन राशि 600 रुपए से बढ़ाकर 1500 रुपए की जाए।
उन्होंने कहा कि “सबका साथ, सबका विकास और सबका मान-सम्मान” की भावना तभी सार्थक होगी जब समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों को सम्मानपूर्वक जीवन जीने के लिए पर्याप्त आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि महिला, महिला होती है, चाहे वह सामान्य महिला हो, विधवा हो, विकलांग हो या वृद्ध महिला। आज के समय में इन वर्गों की महिलाओं को जीवनयापन के लिए अधिक आर्थिक सहयोग की आवश्यकता है।