डॉ. नंदकिशोर वर्मा के 51 हजार सफल ऑपरेशन पूर्ण होने पर सम्मान, कर्मचारियों का भी हुआ अभिनंदन


जावरा (अभय सुराणा) । लायंस क्लब जावरा के स्वर्णिम सेवा वर्ष के अंतिम दिवस पर भी सेवा का क्रम निरंतर जारी रहा। नवागत अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) श्रीमती रचना शर्मा एवं राष्ट्रीय संत नमन जी वैष्णव के मुख्य आतिथ्य में लायंस नेत्र चिकित्सालय परिसर में निःशुल्क दवाई एवं चश्मा वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर नेत्र रोगों के आधुनिक उपचार हेतु एबी स्कैन (AB Scan) मशीन का लोकार्पण भी अतिथियों के करकमलों से संपन्न हुआ।
कार्यक्रम के प्रारंभ में अध्यक्ष एमजेएफ लायन यश जैन एडवोकेट ने अतिथियों का स्वागत करते हुए संस्था के स्वर्णिम कार्यकाल की उपलब्धियों का विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि पूरे वर्ष स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यावरण संरक्षण, नेत्रदान, रक्तदान, महिला सशक्तिकरण एवं विभिन्न जनकल्याणकारी सेवा प्रकल्पों के माध्यम से हजारों लोगों तक सहायता पहुंचाई गई। उन्होंने कहा कि सेवा के प्रति समर्पित टीम के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है कि इस वर्ष चिकित्सालय में 82 हजार से अधिक ओपीडी एवं 6,500 से अधिक सफल नेत्र ऑपरेशन संपन्न हुए, जो संस्था के इतिहास का सर्वश्रेष्ठ वार्षिक प्रदर्शन है। उन्होंने इस सफलता का श्रेय चिकित्सकों, कर्मचारियों, सभी लायन सदस्यों, दानदाताओं एवं समाज के सहयोग को देते हुए विश्वास व्यक्त किया कि लायंस क्लब भविष्य में भी सेवा के नए कीर्तिमान स्थापित करेगा।
कार्यक्रम का विशेष आकर्षण संस्था के वरिष्ठ नेत्र विशेषज्ञ डॉ. नंदकिशोर वर्मा का सम्मान रहा। डॉ. वर्मा ने अपने 11 वर्षों के सेवाकाल में 51,000 सफल नेत्र ऑपरेशन एवं 6 लाख 32 हजार से अधिक ओपीडी का उल्लेखनीय रिकॉर्ड स्थापित किया है। इस उपलब्धि पर अतिथियों एवं संस्था पदाधिकारियों द्वारा उन्हें सम्मान-पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया।
कार्यकाल के अंतिम दिवस पर चिकित्सालय में कार्यरत सभी चिकित्सकों एवं कर्मचारियों को भी उनके समर्पण, निष्ठा एवं सेवा भावना के लिए उपहार भेंट कर सम्मानित किया गया। अध्यक्ष यश जैन ने कहा कि संस्था की प्रत्येक उपलब्धि के पीछे चिकित्सालय की पूरी टीम का अथक परिश्रम और समर्पण निहित है।
अपने उद्बोधन में एसडीएम श्रीमती रचना शर्मा ने लायंस क्लब जावरा के सेवा कार्यों की मुक्तकंठ से सराहना करते हुए कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवाएँ पहुँचाने में ऐसी संस्थाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने चिकित्सालय की उपलब्धियों को प्रेरणादायी बताते हुए कहा कि प्रशासन और सामाजिक संस्थाओं के समन्वित प्रयासों से जनकल्याण के कार्य और अधिक प्रभावी बनते हैं। उन्होंने भविष्य में संस्था को आवश्यकता पड़ने पर प्रशासन की ओर से हरसंभव सहयोग देने का आश्वासन भी दिया।
राष्ट्रीय संत नमन जी वैष्णव ने अपने प्रेरक उद्बोधन में कहा कि लायंस क्लब जावरा आज केवल एक संस्था नहीं, बल्कि “सेवातीर्थ” के रूप में स्थापित हो चुका है। उन्होंने कहा कि निस्वार्थ सेवा ही ईश्वर की सच्ची उपासना है और लायंस क्लब उसी भावना के साथ समाज की सेवा कर रहा है। उन्होंने अध्यक्ष यश जैन एवं उनकी पूरी टीम की कार्यशैली, ऊर्जा और समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि यह स्वर्णिम कार्यकाल ऐतिहासिक उपलब्धियों से परिपूर्ण रहा है। उन्होंने घोषणा की कि वर्ष 2028 के सिंहस्थ महापर्व में उनके आश्रम में बची राशि में से 11 लाख रुपये लायंस क्लब जावरा को सहयोग स्वरूप प्रदान किए जाएंगे।
इस अवसर पर संस्था द्वारा नवागत एसडीएम श्रीमती रचना शर्मा एवं राष्ट्रीय संत नमन जी वैष्णव का शाल, श्रीफल, माल्यार्पण एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर आत्मीय स्वागत एवं सम्मान किया गया।
चिकित्सालय की गतिविधियों एवं उपलब्धियों की जानकारी प्रशासनिक समिति के पूर्वाध्यक्ष गोपाल सेठिया ने प्रस्तुत की। कार्यक्रम का संचालन सचिव अशोक चोपड़ा ने किया तथा आभार प्रदर्शन पूर्वाध्यक्ष लायन सुजानमल कोचट्टा ने व्यक्त किया।
कार्यक्रम में पूर्वाध्यक्ष पवन मोदी, घनश्याम रामनानी, रजनीकांत शाह, अरुण संघवी, हरिनारायण अरोड़ा, लायन हेमंत श्रीमाल, अर्पित चत्तर, अनूप शर्मा, कमल सारड़ा, समाजसेवी गजेंद्र बना तालीताना सहित बड़ी संख्या में लायन सदस्य, चिकित्सक, कर्मचारी, समाजसेवी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय है कि अध्यक्ष एमजेएफ लायन यश जैन एडवोकेट ने अपने कार्यकाल के अंतिम दिवस भी सेवा कार्यों को प्राथमिकता देते हुए यह संदेश दिया कि किसी भी दायित्व का वास्तविक सम्मान उसके अंतिम क्षण तक पूर्ण निष्ठा और समर्पण के साथ निर्वहन करने में है। उनका यह कार्य सभी सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं भावी नेतृत्व के लिए प्रेरणादायी उदाहरण बनकर सामने आया।