प्रभु प्रेमी संघ ने अवधेशानन्दजी की पादुका का पूजन कर मनाया गुरू पूर्णिमा महोत्सव

गुरू भक्ति में पं अनिरूद्ध मुरारी के भजनों पर झूमे गुरू भक्त

रतलाम। गुरू मंत्र का सदैव जाप ही गुरू के प्रति सच्चा सम्मान है, इस ध्येय वाक्य के साथ जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी श्री अवधेशानन्द गिरी जी महाराज द्वारा संस्थापित प्रभु प्रेमी संघ ने श्री गुरू पूर्णिमा महोत्सव मनाया। बुद्धेश्वर हॉल में देर शाम हुए इस महोत्सव में पं अनिरूद्ध मुरारी के भजनों पर घंटों तक भक्त झूमते नजर आए। तोषी शर्मा के मार्गदर्शन में संगीत महाविद्यालय की छात्राओं ने भी आकर्षक नृत्य कर समा बांध दिया।
महोत्सव के आरंभ में स्वामीजी की पादुकाओं का पूजन किया गया। प्रभु प्रेमी संघ के अध्यक्ष हरीश सुरोलिया, सचिव प्रमोद राघव, केबी व्यास, रामेश्वर खंडेलवाल, संजय सोनी, नवीन भट्ट, आर.आर. दूबे, विरेन्द्र जोशी, मुकेश सोनी एवं आरडीए अध्यक्ष मनोहर पोरवाल, उपाध्यक्ष गोविंद काकानी, मोहनलाल भट्ट आदि ने पादूका पूजन किया। पूर्व अध्यक्ष कैलाश व्यास ने दीप प्रज्वलन कर गुरु पूर्णिमा एवं गुरु के महत्व पर प्रकाश डाला। संगीत महाविद्यायल की छात्राओं ने पहले गणेश वंदना फिर गुरू वंदना की नृत्यमय प्रस्तुतियां दी। संघ द्वारा तोषी शर्मा एवं छात्राओं का सम्मान किया गया।
महोत्सव के दौरान अनिरूद्ध मुरारी ने अपने सुमधूर भजनों सावरिया है सेठ म्हारो, जगन्नाथ-जगन्नाथ और गरबा गीतों से वातावरण को भक्तिमय बना दिया। उनके भजनों पर भक्त खुद को थिरकने से रोक नहीं पाएं। महोत्सव में समन्वय परिवार के माधव काकानी, शिवराम शर्मा सहित रामेश्वर खंडेलवाल, विरेन्द्र सिंह राठौर, संजीव पाठक, रणजीत सिंह राठौर, जयेश झालानी, निलेश झालानी, रमेश शर्मा, सीमा प्रभु,कल्पना सेलत, महेश अग्रवाल, अरूण त्रिपाठी सहित बड़ी संख्या में गुरूभक्त उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Play sound