
रतलाम 5 अगस्त। एकीकृत शासकीय नित्यानंद उच्चतर माध्यमिक विद्यालय धोसवास मेरा घर मेरे विद्यालय के अंतर्गत उच्च माध्यमिक शिक्षिका श्रीमती ललिता कदम द्वारा प्रार्थना सभा में छात्राओं को बताया गया कि हम घर से विद्यालय में आते हैं तो घर से स्कूल तक जो भी बातें होती है वह हमें अपने विद्यालय में एवं अपने माता-पिता के साथ साझा करना है सदाचार का अर्थ हमेशा अच्छा आचरण होता है और हम विद्यालय समय पर आएंगे पूर्ण गणेश में आएंगे एवं शिक्षक के द्वारा बताएं कार्य को घर से हल करके लाएंगे तो हम एक अच्छे सदाचार छात्र कहलाएंगे।
श्रीमती कदम ने बताया कि हमें अच्छे एवं बुरे का ज्ञान होना चाहिए हमें अपने माता-पिता के अलावा कोई छू नहीं सकता अगर हमारे टीचर हमें सर पर हाथ रखकर आशीर्वाद देते हैं तो यह हमें आनंद की अनुभूति कराता है और यह गुड टच कहलाता है इसमें हम अपने आप को सुरक्षित महसूस करते हैं लेकिन जब कोई हमें गलत तरीके से छूता है तो हम असहज महसूस करते हैं यह बेड टच कहलाता है हमें गलत बातों का विरोध करना है सफर में भी अगर हम आते जाते हैं हमको जो गलत नाम से संम्बोधित करता है तो हमको इसका विरोध करना श्री मति ललिता कदम ने इस अवसर पर आज विद्यालय की छात्राओं को सही और गलत का महत्व समझाया। इस अवसर पर शाला परिसर में सभी छात्र-छात्राएं एवं शिक्षक साथी उपस्थित थे।