जावरा (निप्र)। अखिल भारतीय जैन दिवाकर विचार मंच एवं संगठन समिति के वरिष्ठ मार्गदर्शक अभय सुराणा ने कर्नाटक राज्य की बेलगावी जिला स्थित मंदिर आश्रम गुरुकुल विद्यालय परिसर में असामाजिक तत्वों द्वारा प्रवास कर रहे आचार्य श्री कुमारनंदी जी की सुनियोजित तरीके से नृशस हत्या की गई जिससे संपूर्ण भारत वर्ष की अहिंसक जैन समाज में अत्यंत रोष व्याप्त है।स्वतंत्र भारत के इतिहास में यह पहली दुखद एवं ह्रदय विदारक घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए कर्नाटक सरकार से मांग की है कि इस मामले से संबंधित सभी पहलुओं को शामिल करते हुए तत्काल फास्ट ट्रेक कोर्ट मे यह केस को शामिल कर हत्यारों को कठोर सजा दी जाए ताकि भविष्य में ऐसी कोई अप्रिय घटना नहीं घटे।
सुराणा ने भारत के सभी धर्म प्रेमियों विभिन्न संप्रदाय के संत और समाज को संगठित होकर हमारे आराध्य अहिंसा के पुजारी संतों की रक्षा के लिए भी एकजुट होकर हम सब को इस दिशा में अपनी भी सक्रिय भूमिका निभानी है।
आपने प्रधानमंत्री से मांग की है कि सरकार द्वारा संत समुदाय की रक्षा के लिए राष्ट्रीय स्तर पर एक ठोस नीति निर्धारित की जाए इसके साथ ही वर्तमान में अभी चातुर्मास के दौरान भारत के विभिन्न स्थानों पर ठहरे हुए सभी आचार्य गण, साधु साध्वी गण जो मंदिर स्थानक व अन्य जगह पर ठहरे हुए हैं उनकी सुरक्षा के लिए राज्य सरकारों को सुरक्षा संबंधी अधिसूचना जारी करें ताकि भविष्य में किसी के साथ भी कोई ऐसी घटना नहीं घटे। सुराणा ने यह भी मांग करी हे कि भारत के प्रत्येक राज्य में जैन समाज की विभिन्न समस्याओं के तत्काल निराकरण, अल्पसंख्यक समुदाय के लिए बनाई गई योजनाओं के शीघ्र क्रियान्वयन हेतु एक अलग से जैन विकास आयोग का गठन किया जाए।
जैन दिवाकर विचार मंच के संस्थापक अध्यक्ष मोतीलाल बाफना राष्ट्रीय महामंत्री अभय श्रीमाल महिला शाखा की राष्ट्रीय अध्यक्ष कल्पना मुथा युवा शाखा के राष्ट्रीय प्रवक्ता नीलेश बाफना वरिष्ठ संघ के बसंतीलाल चपडोद पुखराज पटवा अनिल चोपड़ा नगीन सकलेचा आनन्दीलाल संघवी राजकुमार हरण नेमीचंद जैन के साथ ही समाजसेवी पुष्पेंद्र गंगवाल दिलीप जैन महिला शाखा की श्रीमती शिल्पा जैन पदमा गंगवाल रेखा सुराणा पमिता भंसाली ज्योति गंगवाल आभा ठोरा आदि कई समाज जनों ने घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए जो मांगे रखी गई है उसका समर्थन किया गया।