बंदियों ने ली मैत्रीबोध परिवार ध्यान सत्र की शरण

हरित माला प्रकृति संरक्षण का अनुपम उदाहरण

दैविक मित्र मैत्री भाव ही हमें अपने जैसा स्वरूप देता

रतलाम। प्रेमावतार मैत्रेय दादाश्रीजी द्वारा रचित एक शक्तिशाली निर्देशित ध्यान — मैत्री संबोध ध्यान — अपनी आंतरिक शक्ति को जागृत करने के उद्देश्य से 30 मिनट का निःशुल्क ध्यान सत्र अपने भीतर सकारात्मक परिवर्तन लाने में सहयोगी बना जहाँ मन, शरीर और आत्मा को शुद्ध करना एकाग्रता और स्पष्टता को बढ़ाने आंतरिक ऊर्जा को जागृत कर गहराई से शांति और संतुलन प्रदान कर आत्मिक यात्रा की ओर अग्रसर कराता हैं । भारत का प्रत्येक नागरिक स्वस्थ समृद्ध नशामुक्त हो समाज परिवार जनों में आनंद खुशहाली हो इसी उद्देश्य से रतलाम जिला सर्किल जेल अधीक्षक श्री लक्ष्मण सिंह भदौरिया जी उप जेल अधीक्षक श्री ब्रजेश मकवाने जी के प्रयासों से रतलाम जिला जेल स्थित पुरुष व महिला बंदियों के साथ ही उप जेल सैलाना जेलर श्री निर्भय यादव जी की उपस्थिति में समस्त बंदियों के लिए दो दिवसीय मैत्री बोध कार्यशाला की गई जिससे उनके जीवन रुपांतरण का यह बहुमूल्य पल निश्चित ही परिवर्तन लेकर आया अनुभव साझा करते हुए बंदियों ने अपने भाव रखें योग प्रकृति सेवक विशाल कुमार वर्मा द्वारा अमृता गिलोय बेल हरित माला से सम्मानित करना फिर वापस धरा को समर्पित रोपण करना अपने आप में प्रकृति संरक्षण का अनुपम उदाहरण हैं। पतंजलि योगपीठ हरिद्वार म.प्र. युवा राज्य प्रभारी प्रेम पुनिया राज्य कार्यकारिणी सदस्य विशाल कुमार वर्मा पतंजलि योग समिति जिला प्रभारी अपार उपाध्याय, सोशल मीडिया प्रभारी नित्येन्द्र आचार्य सैलाना तहसील प्रभारी गोवर्धन बिलवार ने योग सेवाएँ दी काकानी सोशल वेलफेयर फाउंडेशन रतलाम संस्थापक अध्यक्ष श्री गोविन्द काकानी द्वारा नशामुक्ति अभियान के तहत शपथ दिलाई पतंजलि जिलाध्यक्ष विशाल कुमार वर्मा का विशेष योगदान रहा।