
रतलाम। शहर के अलकापुरी निवासी स्व. रमणलाल कटारिया की धर्मपत्नी श्रीमती कमलादेवी कटारिया का स्वर्गवास हो गया| काकानी सोशल वेलफेयर के सचिव गोविन्द काकानी ने बताया कि प्रातः 9:00 बजे स्वर्गवास हुआ और 2 मिनट बाद परिवार से समाजसेवी मयूर पुरोहित के सहयोग से पुत्र भूपेंद्र, चंद्रप्रकाश, योगेन्द्र, अशोक ,नरेन्द्र कटारिया एवम परिजनों ने नेत्रदान की सहमति प्राप्त की और लगभग 1 घंटे में नेत्रदान संपन्न होकर आगे की प्रक्रिया के लिए चार्टर्ड बस से इंदौर रवाना हो गई| विस्तृत समाचार देते हुए नेत्रम संस्था के हेमंत मूणत ने बताया की मेडिकल कॉलेज की डीन डॉ. अनीता मुथा को सूचना दी गई।डॉ. मुथा के निर्देशन में नेत्र विभागाध्यक्ष डॉ. रिशेन्द्र सिसोदिया के नेतृत्व में डॉ.जयेश पटेल, नर्सिंग ऑफिसर राजवंतसिंह .विनोद कुशवाह, ने नीलेश के सहयोग से नेत्रदान की प्रक्रिया को सफलता पूर्वक पूर्ण किया। विशेष उल्लेखनीय यह रहा कि दिवंगत के निवास स्थान तक टीम को पहुंचाने एवं पुनः मेडिकल कॉलेज लौटाने की संपूर्ण व्यवस्था नेत्रम संस्था के सदस्य सुशील मीनु माथुर ने अपने निजी वाहन से की।
इस भावुक क्षण में परिजन राजेश कटारिया, नीलेश कटारिया, ओमप्रकाश अग्रवाल ,आनन्द माहेश्वरी मातृशक्ति सहित अनेक स्नेहीजन, शुभचिंतक एवं सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहें। काकानी सोशल वेलफेयर फाउंडेशन एवम नेत्रम संस्था ने कटारिया परिवार के इस निर्णय को “अंधकार में उजास की लौ” बताते हुए कहा कि नेत्रदान एक ऐसा महादान है, जो मृत्यु के बाद भी जीवन देने का कार्य करता है। आइए, हम सभी संकल्प लें कि जीवन के उपरांत भी किसी की आंखों का उजाला बनें।