सरकार, समाज, आध्यात्मिक एवं सामाजिक संस्थाओं के समन्वित प्रयासों से ही सफल होगा नशा मुक्त भारत अभियान : श्री मनोहर पोरवाल




रतलाम 31 मई। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा संचालित नशा मुक्त भारत अभियान तथा स्वास्थ्य विभाग के राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत, जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में विश्व तंबाकू निषेध दिवस 2026 के अवसर पर व्यापक जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस वर्ष की वैश्विक थीम “निकोटिन और तंबाकू की लत के आकर्षण को बेनकाब करें” के अनुरूप आयोजित कार्यक्रम में सरकारी विभागों, सामाजिक संगठनों, आध्यात्मिक संस्थाओं एवं नागरिक समाज की सक्रिय सहभागिता देखने को मिली।
कार्यक्रम के अंतर्गत नशामुक्ति संकल्प हस्ताक्षर अभियान, जागरूकता रैली, मानव श्रृंखला निर्माण, नशामुक्ति संबंधी पोस्टर एवं पम्पलेट विमोचन तथा नशा रूपी दानव का प्रतीकात्मक दहन जैसे विविध आयोजन किए गए। इन गतिविधियों के माध्यम से नागरिकों को तंबाकू एवं अन्य मादक पदार्थों के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दो बत्ती स्थित महाराजा सज्जन सिंह जी की प्रतिमा परिसर में नशामुक्ति संकल्प बोर्ड पर हस्ताक्षर अभियान से हुआ। इसके पश्चात मुख्य अतिथि एवं रतलाम विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री मनोहर पोरवाल ने हरी झंडी दिखाकर जागरूकता रैली को रवाना किया।
इस अवसर पर रतलाम विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री मनोहर पोरवाल, उपाध्यक्ष श्री गोविंद काकानी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी श्रीमती संध्या बेलसरे, सिविल सर्जन श्री एम.एस. सगर, नगर निगम पार्षद जनप्रतिनिधि श्री विजय सिंह चौहान, तंबाकू नियंत्रण समिति सदस्य श्री अशोक अग्रवाल, सामाजिक न्याय विभाग की उपसंचालक श्रीमती संध्या शर्मा, जिला समन्वयक एवं नोडल अधिकारी नशा मुक्त भारत अभियान श्री रत्नेश विजयवर्गीय, कैंसर नोडल अधिकारी डॉ. गोपाल यादव, तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम की नोडल अधिकारी सुश्री शिरीन खान सहित विभिन्न विभागों एवं संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
इस अवसर पर अपने संबोधन में रतलाम विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री मनोहर पोरवाल ने कहा कि नशा आज समाज, परिवार एवं युवा पीढ़ी के भविष्य के समक्ष एक गंभीर सामाजिक एवं स्वास्थ्यगत चुनौती बनकर उभरा है। उन्होंने कहा कि नशा मुक्त भारत अभियान को जनभागीदारी के माध्यम से जनआंदोलन का स्वरूप देना समय की आवश्यकता है। सरकार, सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं, युवाओं तथा आम नागरिकों के सामूहिक प्रयासों से ही नशामुक्त समाज का निर्माण संभव है।
रतलाम विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री गोविंद काकानी ने युवाओं से आह्वान किया कि वे स्वयं नशे से दूर रहकर समाज में जागरूकता फैलाने की भूमिका निभाएं तथा दूसरों को भी इसके दुष्परिणामों से अवगत कराएं।
कार्यक्रम के दौरान दो बत्ती चौराहे पर विशाल मानव श्रृंखला का निर्माण किया गया तथा जागरूकता रैली नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए न्यू रोड स्थित गुजराती स्कूल के समक्ष संपन्न हुई।इस अवसर पर श्री गोपाल सिंह ने बीड़ी का बंडल जलाकर तंबाकू सेवन न करने का संकल्प लिया। साथ ही कलापथक दल द्वारा नशामुक्ति विषयक गीतों एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से जनजागरूकता का संदेश प्रसारित किया गया।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर विभिन्न विशेषज्ञों एवं समाजसेवियों ने मद्यपान, तंबाकू, मादक पदार्थों एवं नशीली दवाओं के सेवन से होने वाले गंभीर शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं आर्थिक दुष्प्रभावों पर प्रकाश डाला। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं एवं बच्चों को तंबाकू उत्पादों से होने वाली कैंसर, क्षय रोग (टीबी), हृदय रोग एवं अन्य घातक बीमारियों के प्रति जागरूक करते हुए स्वस्थ एवं सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया।
इसी क्रम में जिला चिकित्सालय रतलाम के कक्ष क्रमांक 15 में तंबाकू निषेध एवं कैंसर जागरूकता स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ किया गया। शिविर में कैंसर विशेषज्ञों द्वारा मरीजों को स्वास्थ्य परामर्श प्रदान किया गया तथा तंबाकू सेवन से जुड़े स्वास्थ्य जोखिमों के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में सामाजिक न्याय विभाग, स्वास्थ्य विभाग, म.प्र. जन अभियान परिषद, आनंद विभाग, अखिल भारतीय गायत्री परिवार, प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय, खेल एवं युवा कल्याण विभाग, पीएचई विभाग, एल्कोहोलिक्स एनॉनिमस प्रशांति ग्रुप, कैंसर सोसायटी मध्यप्रदेश, विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं, छात्र-छात्राओं, आशा कार्यकर्ताओं तथा सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।