रतलाम। दो वर्ष पूर्व फोरलेन पर दम्पति के साथ मारपीट कर डकैती करने के बहुचर्चित घटना के आरोपीगण राकेश पिता रामचन्द्र चन्द्रवंशी उम्र 24 वर्ष, विकास उर्फ विक्की पिता कैलाश चौहान उम्र-22 वर्ष, दिलीप पिता देवी सिंह परमार उम्र 27 वर्ष, संजय पिता कैलाश चौहान उम्र 24 वर्ष, वीरेन्द्र पुत्र राधेश्याम परमार उम्र 24 साल, रवि पिता शान्तिलाल परमार उम्र 24 वर्ष, विकम पिता बाबुलाल बोडाना उम्र 30 वर्ष समस्त निवासी-ग्राम कल्याणपुरा थाना भाटपचलाना जिला उज्जैन को सप्तम अपर सत्र न्यायाधीश रतलाम राजेश नामदेव ने मारपीट व डकैती में दस – दस वर्ष की सजा व चालीस – चालीस हजार रुपए के जुर्माने की सजा से दंडित किया है।
प्रकरण में पैरवीकर्ता अपर लोक अभियोजक एवं शासकीय अधिवक्ता समरथ पाटीदार ने बताया कि दिनांक 26.06.2024 को रात्रि करीब 11:00 बजे फरियादी अनिल उपाध्याय उसकी मोटरसायकल से उसकी पत्नी सरिता उपाध्याय के साथ बालाजी हनुमान मंदिर दर्शन करते हुए महू नीमच फोरलेन रोड़ तरफ घूमने गये थे, मांगरोल फन्टे से वापस रतलाम तरफ मूड कर नोबल स्कूल से आगे पहुंचे थे कि पीछे से दो मोटरसायकले आई जिनमें से एक मोटरसायकल वाले ने उनकी मोटरसायकल आगे लगा दी, जिससे उसकी मोटरसायकल का बेलेन्स बिगड़ने से वे दोनों नीचे गिर गए, उसी समय एक व्यक्ति ने उसे डण्डे से तथा उसकी पत्नी को पत्थर से मारपीट कर उन्हें खेत तरफ ले जाने लगे। खेत की फेन्सिंग का तार पकड़ लिया तो उसे तथा उसकी पत्नी को खींचते हुए खेत में ले गये, जिससे उसके हाथ तथा उसकी पत्नी के बांये हाथ की अंगुली में चोटे लगी। आरोपीगण दोनों को हाथ मुक्कों से मारते रहे, जिससे फरियादी तथा उसकी पत्नी को शरीर पर चोटे लगी। आरोपीगण ने उसकी पत्नी के 04 सोने के तार की बाली वजनी करीबन आधा ग्राम, एक मंगलसूत्र खोटा, दो सोने के टॉप्स वजनी करीबन 04 ग्राम, नाक की सोने की बाली वजनी करीबन आधा ग्राम, चांदी के पायजेब एक जोड़ी वजनी करीबन 30 ग्राम, हाथ की चूड़ी दो खोटी तथा फरियादी की जेब से एक एन्ड्राईड मोबाईल फोन, पर्स, 20 हजार रूपये, आधारकार्ड, ड्रायविंग लायसेन्स की फोटोकॉपी, ए.टी.एम. कार्ड छीन लिये। आरोपीगण ने बोला कि उनके पास चाकू है किसी को बताया तो जान से मार देने। दो आरोपी मोटरसायकल भी लेकर चले गये और बोल गए कि मोटरसायकल आगे की पुलिया के नीचे से ले लेना। मारपीट व लुट कर चारों खेत की ओर चले गये थे। फरियादी अनिल व उसकी पत्नी पैदल-पैदल पास के पेट्रोलपम्प पर गये वहां पर कर्मचारियों को घटना बताई और उनके मोबाईल फोन से डायल 100 पर फोन करने पर गाड़ी आई और इन्हें सरकारी अस्पताल रतलाम में इलाज के लिए ले गए इलाज के बाद रात्रि में काफी घबरा ने से अगले दिन सुबह परिजनों को घटना बताई और पुलिस चौकी सालाखेड़ी रतलाम पर जाकर अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज करवाई। रिपोर्ट दर्ज करवाते समय फरियादी अनिल ने बताया कि लुट करनेवाले सभी आरोपीगण 20 से 30 वर्ष की उम्र के थे और उसमें एक व्यक्ति ठिगने कद का मोटा सा, जिसने टी-शर्ट पहनी थी तथा एक लम्बा था, जिन्हें सामने आने पर पहचान लूंगा। दो ने चेहरे पर मास्क लगा रखा था।
रिपोर्ट दर्ज करने के बाद सालाखेड़ी चौकी प्रभारी मुकेश यादव ने दिनांक 23.07.2024 को मुखबिर की सूचना पर लुट के आरोपी राकेश को गिरफ्तार कर उससे पूछताज की पूछताज के आधार पर अन्य अभियुक्तगण विकास, दिलीप, संजय, विक्रम, विरेन्द्र, रवि को गिरफ्तार कर उनसे भी पूछताज की गई। पूछताज के आधार पर फरियादी अनिल व उसकी पत्नी से लूटी गई सामग्री आरोपीगण के घर से इनके बताए अनुसार जप्त की गई। फरियादी अनिल उपाध्याय से गिरफ्तार अभियुक्तगण की पहचान जेल में करवाने पर फरियादी अनिल ने लुट करनेवाले के रूप में इनकी पहचान की। फरियादी अनिल और उसकी पत्नी सरिता से आरोपिगणों से जप्त आभूषणों व सामन की पहचान अपने लुटे हुए सामन के रूप में की। पुलिस द्वारा जांच कर अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। न्यायालय मैं कथन देते समय भी फरियादी अनिल व उसकी पत्नी ने आरोपीगण की पहचान लुट करनेवाले व्यक्तियों के रुप में की। न्यायालय ने फरियादी अनिल व उसकी पत्नी सरिता को जुर्माने की राशि में से एक लाख रुपए की राशी प्रतिकार के रूप में देने का भी आदेश किया।अभियुक्त राकेश दिनांक 24.07.24 से दिनांक 23.11.24 तक, अभियुक्त विकास उर्फ विक्की, दिलीप, संजय दिनांक 25.07.24 से दिनांक 22.11.24 तक, अभियुक्त विरेन्द्र दिनांक 25.07.24 से दिनांक 21.11.24 तक, अभियुक्त रवि दिनांक 25.07.24 से दिनांक 26.11.24 तक व अभियुक्त विक्रम दिनांक 25.07.24 से दिनांक 13.11.24 तक इस प्रकरण में जेल में रहे हैं। वर्तमान में सभी आरोपीगण जमानत पर थे सजा के बाद सभी को जेल भेज दिया गया।